दमोह स्कूल में प्राचार्य विवाद: वायरल वीडियो में भ्रष्टाचार के आरोप
वायरल वीडियो से शुरू हुआ विवाद
वायरल वीडियो; मध्यप्रदेश के दमोह जिले में एक स्कूल का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गया है, जिसके बाद प्राचार्य पद को लेकर विवाद उत्पन्न हो गया है। इस वीडियो में पूर्व प्राचार्य वंदना गुप्ता, वर्तमान प्रभारी प्राचार्य कमलेश शर्मा पर गंभीर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए दिखाई दे रही हैं। यह वीडियो शनिवार रात को सामने आया। कमलेश शर्मा ने इस मामले में उच्च अधिकारियों से शिकायत करने का निर्णय लिया है।
बच्चों के सामने लगाए गए आरोप
वंदना गुप्ता ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि अमर शहीदों ने हमें आजादी दिलाई, लेकिन आज के भ्रष्टाचारियों ने देश को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने छात्रों से कहा कि उन्हें इतनी मेहनत करनी चाहिए कि उन्हें भ्रष्टाचार का सहारा न लेना पड़े, जैसे कि कमलेश शर्मा ने किया। इस पर कुछ बच्चे तालियां बजाने लगे, हालांकि अन्य शिक्षकों ने उन्हें ऐसा करने से रोका।
प्राचार्य का बदलाव
जिला शिक्षा अधिकारी ने लगभग पांच दिन पहले वंदना गुप्ता को प्राचार्य पद से हटा दिया था और कमलेश शर्मा को प्रभारी प्राचार्य नियुक्त किया था। इस निर्णय के पीछे वंदना गुप्ता की कार्यशैली में विवाद और प्रशासनिक लापरवाही का उल्लेख किया गया था। स्कूल की रद्दी बेचने की शिकायत भी इस मामले में शामिल थी।
कमलेश शर्मा की प्रतिक्रिया
कमलेश शर्मा ने आरोपों पर आपत्ति जताई है और कहा है कि बच्चों के सामने इस तरह के आरोप लगाना उनके लिए बहुत दुखद है। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से शिकायत करने का निर्णय लिया है। उनके अनुसार, स्कूल में विवाद की स्थिति बनी हुई है, जिससे सामान्य कार्य करना कठिन हो रहा है।
पुलिस से मदद की मांग
कमलेश शर्मा ने 14 अगस्त को पटेरा थाने में आवेदन देकर बताया था कि उन्हें कार्यालय में बैठने नहीं दिया जा रहा है और आवश्यक दस्तावेज भी उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं। उन्होंने स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के दौरान विवाद की आशंका जताते हुए पुलिस से सुरक्षा की मांग की थी।
DEO की पुष्टि
जिला शिक्षा अधिकारी सत्यम चौरसिया ने कहा कि वंदना गुप्ता के खिलाफ मिली शिकायतों के आधार पर उन्हें प्राचार्य पद से हटाया गया था। उन्होंने वायरल वीडियो में लगाए गए आरोपों की जांच का आश्वासन भी दिया है।