दिल्ली के हनुमान मंदिर में पूजा: केजरीवाल और सिसोदिया ने जताई आस्था
हनुमान मंदिर में विशेष पूजा का आयोजन
कनॉट प्लेस के प्राचीन हनुमान मंदिर में पूजा का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बजरंग बली के चरणों में माथा टेका और शांति तथा साहस की कामना की। इस अवसर पर उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल, सत्येंद्र जैन और संजय सिंह भी उपस्थित थे। वरिष्ठ नेताओं ने विधिपूर्वक पूजा की, जिसके दौरान मंदिर परिसर में जयकारों की गूंज सुनाई दी। पूजा के समय मंत्रोच्चार हुआ और पंडितों ने विशेष आरती कराई। सभी नेताओं ने प्रसाद ग्रहण किया, जबकि सुरक्षा के कड़े इंतजाम भी देखे गए।
समर्थकों की भारी भीड़
जैसे ही खबर फैली, समर्थक मंदिर की ओर दौड़ पड़े। लोगों ने एक-दूसरे से हाथ मिलाया और बधाई दी। कई लोगों ने सेल्फी भी ली, और महिलाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। कुछ महिलाओं ने आशीर्वाद भी दिया। लोगों ने कहा कि दिल्ली उन्हें याद कर रही थी। मंदिर परिसर में भीड़ उमड़ पड़ी, जहां युवाओं ने नारे लगाए और कुछ ने फूलों की माला भेंट की। कार्यकर्ताओं ने ढोल बजाकर माहौल को उत्सव जैसा बना दिया।
केजरीवाल का संदेश
केजरीवाल ने कहा कि जनता के आशीर्वाद से उन्हें न्याय मिला है। उन्होंने बाबासाहेब अंबेडकर के संविधान का उल्लेख करते हुए इसे लोकतंत्र की जीत बताया। उन्होंने सभी के सुख और शांति की कामना की और कहा कि ईश्वर सबका भला करे। जय बजरंग बली के नारे लगाए गए, जिसके बाद समर्थकों ने तालियां बजाईं। उन्होंने कहा कि सत्य की राह कठिन होती है, लेकिन अंत में सच की जीत होती है। कार्यकर्ताओं से संयम रखने की अपील करते हुए उन्होंने सेवा जारी रखने का भरोसा दिलाया।
सिसोदिया की आस्था
मनीष सिसोदिया ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जिन पर संकटमोचन की कृपा होती है, वे कभी नहीं डरते। इसे विश्वास की जीत बताया। सिसोदिया ने समर्थकों का धन्यवाद किया और कहा कि सच कभी हारता नहीं। उनके बयान पर कार्यकर्ताओं ने समर्थन जताया। मंदिर में माहौल भावुक था, और उन्होंने कहा कि यह संघर्ष लंबा था, लेकिन न्याय में विश्वास बना रहा। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं को धन्यवाद देते हुए भविष्य में और मजबूती से काम करने का आश्वासन दिया।
भाजपा पर आरोप
पूर्व विधायक दुर्गेश पाठक ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया और कहा कि साजिश का सच अब सामने आ गया है। उन्होंने भविष्य में ऐसी कार्रवाई न करने की बात कही और कहा कि राजनीति में मर्यादा जरूरी है। देश की संस्थाओं का सम्मान होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी छवि खराब करने की कोशिश की गई, लेकिन अब सच्चाई सामने आ चुकी है। राजनीतिक बयानबाजी में तेजी देखी जा रही है।