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दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर गड्ढों की समस्या से बढ़ी चिंता

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे, जो हाल ही में उद्घाटन हुआ था, अब गड्ढों की समस्या के कारण चर्चा में है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में गड्ढों के बीच तेज गति से गुजरते वाहन दिखाए गए हैं, जिससे सड़क सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं। मानसून की शुरुआत में ही गड्ढों का दिखाई देना यात्रियों की चिंता को बढ़ा रहा है। जानें इस मुद्दे पर और क्या कहा जा रहा है।
 

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे की स्थिति पर सवाल


दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे, जो देश की प्रमुख सड़क परियोजनाओं में से एक है, हाल ही में चर्चा का विषय बना है। इस बार चर्चा का कारण इसकी गति नहीं, बल्कि सड़क पर मौजूद गहरे गड्ढे हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो में एक्सप्रेसवे के बीचोंबीच कई गड्ढे नजर आ रहे हैं, जबकि तेज गति से वाहन उसी मार्ग से गुजर रहे हैं। इससे सड़क सुरक्षा, निर्माण की गुणवत्ता और रखरखाव पर नए सवाल उठ खड़े हुए हैं, खासकर जब मानसून का मौसम शुरू हो चुका है।


सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो से बढ़ी चिंता

सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहे वीडियो में एक्सप्रेसवे के कई हिस्सों में बड़े गड्ढे दिखाई दे रहे हैं। वीडियो बनाने वाले व्यक्ति का कहना है कि उसकी वैन एक गड्ढे से टकराने के बाद क्षतिग्रस्त हो गई। वीडियो में यह भी दिखाया गया है कि वाहन तेज गति से इन गड्ढों के बीच से गुजर रहे हैं, जिससे किसी भी समय बड़ा हादसा होने की संभावना बनी रहती है। यही कारण है कि सड़क की वास्तविक स्थिति को लेकर लोगों में चिंता बढ़ रही है।


मानसून की शुरुआत में निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल

दिल्ली और उत्तराखंड में दक्षिण-पश्चिम मानसून की शुरुआत हाल ही में हुई है। ऐसे में एक्सप्रेसवे पर शुरुआती बारिश के बाद गड्ढों का दिखाई देना कई सवाल खड़े कर रहा है। यात्रियों का कहना है कि यदि बारिश की शुरुआत में ही सड़क की यह स्थिति है, तो आने वाले हफ्तों में हालात और खराब हो सकते हैं। लोगों का मानना है कि इतनी बड़ी परियोजना से लंबे समय तक मजबूत और सुरक्षित सड़क की उम्मीद की जाती है, इसलिए इसकी गुणवत्ता और रखरखाव की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।


12 हजार करोड़ की परियोजना पर उठे सवाल

करीब 12 हजार करोड़ रुपये की लागत से तैयार दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का उद्घाटन 14 अप्रैल 2026 को किया गया था, लेकिन मात्र तीन महीनों बाद ही सड़क पर गड्ढे सामने आने से परियोजना की निर्माण गुणवत्ता पर बहस तेज हो गई है। वाहन चालकों का कहना है कि खराब हिस्सों से गुजरने पर न केवल दुर्घटना का खतरा बढ़ता है, बल्कि वाहनों को भी नुकसान पहुंच रहा है। फिलहाल एक्सप्रेसवे के रखरखाव से जुड़ी एजेंसियों की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।


हालिया हादसे के बाद सुरक्षा पर और ध्यान

कुछ दिन पहले इसी एक्सप्रेसवे पर उत्तर प्रदेश के सहारनपुर के पास एक दर्दनाक सड़क हादसे में हरियाणा के सोनीपत निवासी एक परिवार के चार लोगों की मौत हो गई थी, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हुए थे। पुलिस के अनुसार, कार चालक निकास मार्ग छूट जाने के बाद वाहन को पीछे ले जा रहा था, तभी तेज रफ्तार एसयूवी ने पीछे से टक्कर मार दी। इस हादसे ने पहले ही एक्सप्रेसवे पर सुरक्षा को लेकर बहस छेड़ रखी थी और अब सड़क पर गड्ढों की खबर ने यात्रियों की चिंताओं को और बढ़ा दिया है.