दिल्ली में छात्र आंदोलन: सलमान खान का समर्थन और शिक्षा प्रणाली पर विचार
दिल्ली में छात्र आंदोलन की बढ़ती चर्चा
इन दिनों दिल्ली में चल रहे छात्र आंदोलन की चर्चा पूरे देश में हो रही है। 20 जुलाई को छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के बाद से यह आंदोलन और भी तेज हो गया है। जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी के नेतृत्व में यह प्रदर्शन जारी है, और पार्टी ने मशहूर हस्तियों से छात्रों के समर्थन में आने की अपील की है। फिल्म इंडस्ट्री के कई नामी लोगों ने इस आंदोलन का समर्थन किया है, जिनमें अब सलमान खान का नाम भी शामिल हो गया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए छात्रों पर बल प्रयोग को गलत ठहराया।
सलमान खान का समर्थन
सलमान खान ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर लिखा, 'यह एक बहुत ही शांतिपूर्ण आंदोलन था। यह दुखद है कि यह हिंसक हो गया। जो छात्र और उनके परिवार घायल हुए, उनके प्रति मेरी गहरी संवेदना है। पेपर लीक एक गंभीर मुद्दा है। मुझे खुशी है कि हमारे देश के युवा बेहतर शिक्षा व्यवस्था के लिए एकजुट हुए हैं और उनके माता-पिता ने भी उनका समर्थन किया है।'
आंदोलन की सराहना
सलमान खान ने छात्रों के इस आंदोलन की सराहना करते हुए कहा, 'मैं उनके इस कदम की सच में सराहना करता हूं। उन्होंने मेहनत और ईमानदारी से अपने भविष्य को संवारने का प्रयास किया है।' उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों ने शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन किया है और उनकी बहादुरी की तारीफ की।
शिक्षा प्रणाली पर विचार
सलमान ने इस मुद्दे को शिक्षा प्रणाली से जोड़ा और इसे राजनीतिक रंग देने से बचने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि इसका श्रेय केवल छात्रों को मिलना चाहिए। उन्हें विश्वास है कि सरकार भी छात्रों का समर्थन करेगी और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाएगी।
भारत को शिक्षा हब बनाने का सपना
सलमान खान ने भारत को शिक्षा हब बनाने का भी सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि शिक्षा को अगला ट्रेंड और फैशन बनाना चाहिए, ताकि अन्य देशों से लोग पढ़ाई के लिए भारत आएं।
आंदोलन जारी
दिल्ली में चल रहे इस छात्र आंदोलन के समर्थन में कई प्रमुख हस्तियां आ चुकी हैं। कई लोग जंतर-मंतर पर जाकर छात्रों का समर्थन कर रहे हैं। इस बीच, छात्र अपनी मांगों को लेकर डटे हुए हैं। आंदोलन के प्रमुख चेहरे सोनम वांगचुक दिल्ली के मेदांता अस्पताल में भर्ती हैं, लेकिन उन्होंने अपना अनशन जारी रखा है। सरकार भी बातचीत के जरिए समाधान निकालने की कोशिश कर रही है, और आंदोलन के कारण दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को बढ़ा दिया गया है.