दिल्ली रेलवे स्टेशन पर बिजली संकट: यात्रियों को गर्मी में मिली कठिनाई
दिल्ली में गर्मी का कहर
दिल्ली में इन दिनों तापमान 42 से 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जिससे लोगों का बिना पंखे, कूलर और एसी के रहना मुश्किल हो गया है। इसी बीच, पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन की मुख्य बिल्डिंग में बिजली दो घंटे के लिए चली गई, जिससे यात्रियों में हड़कंप मच गया। प्लेटफॉर्म पर स्थित विश्राम गृह और एसी वेटिंग हॉल में लोग पसीना पोंछते नजर आए। जब इस बारे में पूछा गया, तो पता चला कि बिजली में तकनीकी समस्या आई है।
एसी वेटिंग हॉल में भी परेशानी
एसी वेटिंग हॉल में एक यात्री से एक घंटे के लिए 20 रुपये का शुल्क लिया जा रहा है, जबकि बच्चों के लिए यह 10 रुपये है। लेकिन जब यात्री वहां पहुंचे, तो उन्हें पता चला कि एसी और पंखे बंद हैं। एक कर्मचारी ने बताया कि बिजली एक घंटे से नहीं आई है, और यह वेटिंग हॉल हाल ही में खोला गया था।
लिफ्ट और अन्य स्थानों पर समस्या
इस दौरान, यात्रियों को काउंटर पर बताया गया कि बिजली नहीं आ रही है, जिससे कई यात्री लौटते हुए दिखाई दिए। एक यात्री ने बताया कि वह एसी वेटिंग हॉल में 20 मिनट तक रुके, लेकिन गर्मी के कारण वहां से चले गए। मेन बिल्डिंग में बिजली की समस्या ने प्रिमियम लॉज और एसी वेटिंग हॉल के अलावा लिफ्ट और अन्य स्थानों को भी प्रभावित किया।
तहकीकात में क्या सामने आया?
यात्रियों की समस्याओं का अध्ययन करने पर पता चला कि पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन की मुख्य बिल्डिंग के ऊपर एक तार जल गया है। यह तार 10 से 15 साल पुराना था और इसे बदला नहीं गया था, जिसके कारण यह भारी लोड सहन नहीं कर पाया और जल गया।
पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन का महत्व
पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन 210 से 215 ट्रेनें चलती हैं। गर्मियों की छुट्टियों के कारण यात्रियों की संख्या में वृद्धि हुई है, जिसके चलते रेलवे यहां 4-5 स्पेशल ट्रेनें भी चला रहा है। जिन यात्रियों को ट्रेन का इंतजार होता है, वे गर्मी से बचने के लिए एसी हॉल का सहारा लेते हैं।
रेलवे की प्रतिक्रिया
बिजली जाने के कारणों के बारे में पूछे जाने पर, पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन के सीनियर सेक्शन इंजीनियर- पावर ने बताया कि आंधी और लोड के कारण तार जल गया है, और इसे ठीक करने का कार्य चल रहा है। उन्होंने कहा कि मेन बिल्डिंग में समस्या आई है, लेकिन सभी विभागों को बिजली दी जा रही है। उन्होंने यह भी बताया कि पुराने तारों को बदलने के लिए पत्र भेजा गया है और जल्द ही समस्या का समाधान किया जाएगा।