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दिल्ली सरकार का विशेष सेवा एवं रेस्क्यू अभियान: जरूरतमंदों के लिए सहायता का नया अध्याय

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एक विशेष सेवा एवं रेस्क्यू अभियान की शुरुआत की है, जिसका उद्देश्य बेसहारा और बीमार लोगों को तत्काल सहायता प्रदान करना है। यह अभियान 11 से 15 मई तक चलेगा और इसमें 19 एम्बुलेंस, 100 स्टाफ और 50 वॉलंटियर शामिल हैं। अभियान के तहत दिल्ली के 13 जिलों में जरूरतमंद लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाएगा और उनका उपचार किया जाएगा। यह पहल समाज कल्याण विभाग और विभिन्न सामाजिक संगठनों के सहयोग से संचालित की जा रही है।
 

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शुरू किया विशेष अभियान

19 एम्बुलेंस, 100 स्टाफ और 50 वॉलंटियर, विशेष रेस्क्यू मिशन को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिखाई हरी झंडी


दिल्ली में 15 मई तक चलेगा सघन अभियान: सीएम रेखा गुप्ता


मानवता की सेवा प्राथमिकता: कोई भी जरूरतमंद सहायता से वंचित न रहे


नई दिल्ली (समित मगन): दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता ने सोमवार को ‘मुख्यमंत्री सेवा सदन’ से बेसहारा, बीमार और असहाय लोगों के लिए विशेष ‘सेवा एवं रेस्क्यू अभियान’ का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने विशेष एम्बुलेंस और रेस्क्यू वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह पांच दिवसीय सघन अभियान 11 मई से 15 मई तक दिल्ली के सभी 13 जिलों में चलाया जाएगा। इस विशेष अभियान के माध्यम से दिल्ली के विभिन्न क्षेत्रों से लगभग 300 से अधिक जरूरतमंद लोगों को तत्काल सहायता प्रदान की जाएगी।


यह पहल दिल्ली सरकार के समाज कल्याण विभाग, अपना घर आश्रम और सेवा भारती के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित की जा रही है। इस अवसर पर शकूर बस्ती के विधायक श्री करनैल सिंह, अपना घर आश्रम के संस्थापक डॉ. बी एम भारद्वाज, सेवा भारती दिल्ली प्रांत के अध्यक्ष श्री रमेश अग्रवाल सहित सभी संबंधित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।


मुख्यमंत्री ने कहा कि आज दिल्ली सरकार ने उन विशेष एंबुलेंस एवं रेस्क्यू वाहनों को रवाना किया है, जो पूरे शहर में सड़कों, फुटपाथों एवं सार्वजनिक स्थलों पर रहने वाले निराश्रित, बीमार एवं असहाय लोगों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने का कार्य करेंगे। ऐसे लोगों को अपना घर आश्रम में लाकर उनका उपचार, देखभाल, भोजन, चिकित्सा एवं पुनर्वास सुनिश्चित किया जाएगा। अगर किसी जरूरतमंद व्यक्ति का परिवार उपलब्ध होगा और वह उन्हें वापस अपने साथ ले जाने के लिए तैयार होगा तो स्वस्थ होने के बाद उन्हें परिवार से पुनः जोड़ा जाएगा। वहीं, जिन लोगों का कोई सहारा नहीं है, उनकी देखभाल आश्रम में ही पूरी संवेदनशीलता और मानवता के साथ की जाएगी।


मुख्यमंत्री ने कहा कि अपना घर आश्रम संस्था सही मायनों में मानवता की सेवा का कार्य कर रही है। हजारों बुजुर्ग, महिलाएं और बेसहारा लोग इस संस्था के माध्यम से नया जीवन और सम्मानजनक देखभाल प्राप्त कर रहे हैं। कई लोग गंभीर बीमारियों, शारीरिक तकलीफों और उपेक्षा की स्थिति में सड़कों के किनारे रहने को मजबूर हैं, उन्हें समय पर उपचार, भोजन और आश्रय तक नहीं मिल पाता। ऐसे लोगों तक सहायता पहुंचाना सरकार और समाज दोनों की जिम्मेदारी है। दिल्ली सरकार पुलिस प्रशासन, समाज कल्याण विभाग और सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से यह सुनिश्चित कर रही है कि कोई भी जरूरतमंद व्यक्ति सहायता से वंचित न रहे।


दिल्ली सरकार की ओर से शुरू किए गए इस अभियान के तहत दिल्ली के सभी 13 जिलों में सड़कों, रेलवे स्टेशनों, बस स्टैंडों, धार्मिक स्थलों और सार्वजनिक स्थानों पर रह रहे असहाय, निराश्रित, बीमार, दिव्यांग एवं बेसहारा महिला और पुरुषों का रेस्क्यू किया जा रहा है। अभियान में टीबी, कैंसर, एड्स जैसी गंभीर बीमारियों से पीड़ित जरूरतमंद लोगों को प्राथमिकता के आधार पर सुरक्षित आश्रय, उपचार और देखभाल उपलब्ध कराई जा रही है। इसके लिए 19 विशेष रेस्क्यू एंबुलेंस, 10 सहयोगी वाहन, लगभग 100 सदस्यीय स्टाफ और 50 समर्पित वालंटियर लगातार कार्यरत हैं।


रेस्क्यू किए गए लोगों को ‘अपना घर आश्रम’ में रखा जाएगा, जहां उन्हें चिकित्सा सुविधा, पौष्टिक भोजन और सम्मानजनक देखभाल उपलब्ध कराई जाएगी। अभियान के अंतर्गत कुल 500 निराश्रितों के रहने की व्यवस्था की गई है, जिसमें महिलाओं के लिए 100 और पुरुषों के लिए 400 बेड तैयार किए गए हैं। स्वस्थ होने के बाद जिन लोगों के परिवारों का पता चल जाएगा, उन्हें काउंसलिंग और आवश्यक सहयोग के माध्यम से दोबारा परिवारों से मिलाया जाएगा, जबकि जिनका कोई सहारा नहीं होगा उनकी पूरी जिम्मेदारी आश्रम उठाएगा। अभियान को प्रभावी और सुचारू ढंग से संचालित करने के लिए समाज कल्याण विभाग के समन्वय से 24 घंटे कार्य करने वाला विशेष ‘वन विंडो सिस्टम’ भी विकसित किया गया है। प्रथम चरण में अब तक लगभग 20 लोगों का सफलतापूर्वक रेस्क्यू किया जा चुका है।