नागालैंड में जहरीली शराब से हुई मौतों की जांच तेज
नागालैंड में जहरीली शराब का कहर
नागालैंड में संदिग्ध जहरीली शराब के कारण कई परिवारों का जीवन बर्बाद हो गया है। हाल के दिनों में मोकोकचुंग और तुएनसांग जिलों में शराब पीने के बाद लोगों की मौत की घटनाएं सामने आई हैं। इन घटनाओं को मिलावटी या अवैध शराब से जोड़ा जा रहा है।
मोकोकचुंग में मौतों की संख्या बढ़ी
मोकोकचुंग जिले में संदिग्ध शराब पीने के बाद मरने वालों की संख्या 8 तक पहुंच गई है। घटना के बाद पुलिस ने जांच को तेज कर दिया है। अधिकारियों के अनुसार, शराब के नमूनों को परीक्षण के लिए भेजा गया है ताकि मौतों के असली कारण का पता लगाया जा सके। पुलिस ने कई स्थानों पर छापेमारी की है, जिसमें संदिग्ध शराब के साथ 19 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि यह शराब कहां बनाई गई और इसे लोगों तक कैसे पहुंचाया गया।
तुएनसांग में भी मौतों का मामला
तुएनसांग जिले में भी शराब पीने के बाद कई लोगों की मौत की खबर आई थी। प्रारंभिक रिपोर्टों में 9 मौतों की सूचना थी, जबकि बाद में यह संख्या 11 तक पहुंच गई। अधिकारियों ने शराब की गुणवत्ता और उसमें मौजूद तत्वों की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने लोगों को बिना लाइसेंस या संदिग्ध स्रोत से मिलने वाली शराब का सेवन न करने की सलाह दी है। प्रशासन यह भी जानने की कोशिश कर रहा है कि क्या इन घटनाओं के पीछे अवैध शराब की सप्लाई है।
फॉरेंसिक रिपोर्ट से खुलेंगे राज
मोकोकचुंग मामले में बरामद शराब के नमूनों की जांच अत्यंत महत्वपूर्ण है। फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि शराब में कोई जहरीला या हानिकारक पदार्थ था या नहीं। फिलहाल, पुलिस की जांच शराब की बिक्री और सप्लाई से जुड़े लोगों तक पहुंचने पर केंद्रित है। लगातार हो रही मौतों ने नागालैंड में अवैध शराब की बिक्री और उस पर निगरानी को लेकर प्रशासन के सामने गंभीर चुनौतियाँ खड़ी कर दी हैं।