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निर्मला सीतारमण का फ्रांस दौरा: आर्थिक सहयोग को बढ़ावा देने की दिशा में कदम

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने फ्रांस के आधिकारिक दौरे की शुरुआत की है, जिसका मुख्य उद्देश्य भारत और फ्रांस के बीच आर्थिक सहयोग को बढ़ाना है। इस यात्रा के दौरान, वे उच्चस्तरीय बैठकों में भाग लेंगी, जिसमें भारत-फ्रांस आर्थिक एवं वित्तीय संवाद शामिल है। वित्त मंत्री वैश्विक कंपनियों के सीईओ के साथ बैठकें करेंगी और साइबर सुरक्षा, निवेश, और नवाचार पर चर्चा करेंगी। यह दौरा दोनों देशों के बीच संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
 

फ्रांस में वित्त मंत्री का आधिकारिक दौरा

नई दिल्ली: केंद्रीय वित्त एवं कॉर्पोरेट मामलों की मंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार को फ्रांस के आधिकारिक दौरे की शुरुआत की। इस यात्रा का उद्देश्य भारत और फ्रांस के बीच रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करना, आर्थिक सहयोग को बढ़ाना और निवेश, प्रौद्योगिकी सहयोग तथा नवाचार को प्रोत्साहित करना है।


इस दौरे का प्रमुख कार्यक्रम ऐक्स-एन-प्रोवेंस में होने वाला भारत-फ्रांस आर्थिक एवं वित्तीय संवाद (ईएफडी) है। इस बैठक की सह-अध्यक्षता वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और फ्रांस के अर्थव्यवस्था, वित्त, औद्योगिक ऊर्जा और डिजिटल संप्रभुता मंत्री रोलैंड लेस्क्योर करेंगे।


इस संवाद में दोनों देश विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग के नए अवसरों की खोज करेंगे और द्विपक्षीय आर्थिक संबंधों को और मजबूत करने पर चर्चा करेंगे।


फ्रांस में अपने प्रवास के दौरान, वित्त मंत्री कई वैश्विक कंपनियों के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों (सीईओ) के साथ अलग-अलग बैठकें करेंगी। इसके अलावा, वह शीर्ष उद्योगपतियों के साथ एक गोलमेज चर्चा में भी भाग लेंगी।


इन बैठकों में भारत की मजबूत आर्थिक स्थिति, सरकार द्वारा किए गए संरचनात्मक सुधार, बढ़ते निवेश अवसरों और दीर्घकालिक विकास की संभावनाओं को वैश्विक निवेशकों के सामने प्रस्तुत किया जाएगा।


निर्मला सीतारमण 'नई मध्यम वर्गीय आबादी के विकास को कैसे बढ़ावा दिया जाए' विषय पर आयोजित एक विशेष पैनल चर्चा में भी भाग लेंगी। यह चर्चा लेस रेनकॉन्ट्रेंस इकोनॉमिक्स डी'ऐक्स-एन-प्रोवेंस के तहत आयोजित होगी, जिसे यूरोप के सबसे प्रतिष्ठित वार्षिक आर्थिक और सार्वजनिक नीति मंचों में से एक माना जाता है।


इस सम्मेलन का आयोजन ले सर्कल डेस इकोनॉमिस्ट्स द्वारा किया जाता है, जिसमें विभिन्न देशों के राष्ट्राध्यक्ष, मंत्री, केंद्रीय बैंक प्रमुख, उद्योगपति, अर्थशास्त्री, शिक्षाविद और अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रतिनिधि वैश्विक आर्थिक चुनौतियों पर विचार-विमर्श करते हैं।


अपने दौरे के दौरान, केंद्रीय वित्त मंत्री कैडाराचे स्थित इंटरनेशनल थर्मोन्यूक्लियर एक्सपेरिमेंटल रिएक्टर (आईटीईआर) परियोजना का भी दौरा करेंगी, जो दुनिया की सबसे बड़ी परमाणु संलयन ऊर्जा परियोजनाओं में से एक है, जिसमें भारत और फ्रांस सहित 30 से अधिक देश साझेदार हैं।


इसके अलावा, वह कैम्पस साइबर का भी दौरा करेंगी, जिसे फ्रांस का राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा, अनुसंधान और कौशल विकास केंद्र माना जाता है। इस यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच साइबर सुरक्षा को मजबूत करने, डिजिटल अर्थव्यवस्था में नवाचार बढ़ाने और सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों के आदान-प्रदान पर चर्चा होने की उम्मीद है।


वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण प्रोवेंस-आल्प्स-कोटे डी'अजूर (पीएसीए) क्षेत्र के अध्यक्ष रेनॉड मुसेलियर से भी मुलाकात करेंगी। इस बैठक में निवेश, नवाचार, स्वच्छ ऊर्जा, प्रौद्योगिकी और क्षेत्रीय आर्थिक साझेदारी के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के अवसरों पर चर्चा की जाएगी।