नीट परीक्षा की नई तारीख: 21 जून को होगी दोबारा परीक्षा
नीट परीक्षा का पुनः आयोजन
नई दिल्ली। मेडिकल कॉलेजों में दाखिले के लिए आयोजित नीट परीक्षा, जो तीन मई को हुई थी, अब 21 जून को पुनः आयोजित की जाएगी। यह निर्णय पेपर लीक की घटना के कारण लिया गया था। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शुक्रवार को इस बात की पुष्टि की कि रद्द की गई परीक्षा का आयोजन 21 जून को होगा। उन्होंने यह भी बताया कि अगले वर्ष से नीट यूजी परीक्षा ऑनलाइन, यानी कंप्यूटर आधारित होगी। इस बीच, सीबीआई ने पुणे के केमिस्ट्री शिक्षक पीवी कुलकर्णी को गिरफ्तार किया है, जिसे इस मामले का मास्टरमाइंड माना जा रहा है। यह गिरफ्तारी इस मामले में आठवीं है।
धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि तीन मई को हुई नीट यूजी परीक्षा के पेपर लीक होने की जानकारी मिली थी। उन्होंने कहा, 'हम नहीं चाहते थे कि कोई गलत उम्मीदवार चयनित हो। इसलिए हमने जिम्मेदारी से परीक्षा रद्द करने का निर्णय लिया। अब यह परीक्षा रविवार, 21 जून को होगी।' उन्होंने बताया कि सात मई को गड़बड़ी का पता चला था और एनटीए ने सरकार को सूचित किया। इसके बाद 12 मई को री-एग्जाम का निर्णय लिया गया।
शिक्षा मंत्री ने यह भी कहा कि री-एग्जाम में छात्रों को 15 मिनट का अतिरिक्त समय दिया जाएगा और वे अपनी पसंद के परीक्षा केंद्र का चयन कर सकेंगे। पहले यह परीक्षा देश के 551 और विदेशों के 14 शहरों में आयोजित की गई थी, जिसमें 5400 से अधिक परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, 'राधाकृष्ण समिति की सिफारिशों का पालन करने के बावजूद यह उल्लंघन कैसे हुआ, यह चिंता का विषय है। सरकारी मशीनरी यह सुनिश्चित करेगी कि इस बार कोई अनियमितता न हो।'
उन्होंने कहा कि दोबारा परीक्षा देने वाले छात्रों की यात्रा की व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकारों से बातचीत की जाएगी। दूसरी ओर, सीबीआई ने इस मामले में अब तक आठ लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से पांच राजस्थान से हैं। गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों में मांगीलाल बिनवाल, जमवारामगढ़ के दिनेश बिनवाल, उनके बेटे विकास बिनवाल, हरियाणा के गुरुग्राम के यश यादव और नासिक के शुभम खैरनार शामिल हैं। इन सभी को दिल्ली के राउज एवेन्यू कोर्ट में पेश किया गया। शुक्रवार को पीवी कुलकर्णी की गिरफ्तारी हुई।