×

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की पहली उड़ान: यात्रियों के लिए नई सुविधा

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, जिसे जेवर एयरपोर्ट भी कहा जाता है, अब चालू हो चुका है। पहली उड़ान लखनऊ से आई और इसमें उन किसान परिवारों के सदस्य शामिल थे, जिनकी भूमि पर एयरपोर्ट का निर्माण हुआ है। यह एयरपोर्ट पश्चिमी उत्तर प्रदेश और एनसीआर के बीच हवाई संपर्क को बढ़ाने के लिए महत्वपूर्ण है। भविष्य में, यहां से अंतरराष्ट्रीय उड़ानें भी शुरू होंगी। जानें इस एयरपोर्ट के विकास और योजनाओं के बारे में अधिक जानकारी।
 

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन

भारत में हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना है। उत्तर प्रदेश के गौतम बुद्ध नगर में स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, जिसे जेवर एयरपोर्ट भी कहा जाता है, अब चालू हो चुका है। सोमवार को पहली उड़ान लखनऊ से इस एयरपोर्ट पर पहुंची, और इसके बाद एक फ्लाइट लखनऊ के लिए रवाना हुई। इस उड़ान में उन किसान परिवारों के सदस्य शामिल थे, जिनकी भूमि पर यह एयरपोर्ट बनाया गया है। केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के राम मोहन नायडू ने इस अवसर पर एयरपोर्ट पर पहुंचकर उड़ान को हरी झंडी दिखाई।


पहली उड़ान का विवरण

इंडिगो की पहली उड़ान लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से सुबह 7:12 बजे रवाना हुई और 7:58 बजे जेवर एयरपोर्ट पर उतरी। इसके तुरंत बाद, जेवर से लखनऊ के लिए पहली उड़ान शुरू हुई। इस विमान में जेवर क्षेत्र के ग्रामीण भी सवार थे, जिनकी भूमि राज्य सरकार ने एयरपोर्ट के विकास के लिए अधिग्रहित की थी। यह उड़ान इस नई परियोजना के लिए औपचारिक शुरुआत का प्रतीक है, जिसका उद्देश्य पश्चिमी उत्तर प्रदेश, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) और अन्य क्षेत्रों के बीच हवाई संपर्क को बढ़ाना है।


जेवर से लखनऊ की पहली उड़ान

जेवर से लखनऊ की पहली उड़ान सुबह लगभग 8:19 बजे रवाना हुई, जिसमें जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह और यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) के सीईओ राकेश सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। अधिकारियों ने बताया कि यह नई हवाई सेवा व्यापार यात्रियों, छात्रों, पेशेवरों और सामान्य यात्रियों के लिए लाभकारी होगी और क्षेत्रीय विकास को भी प्रोत्साहित करेगी। एयरपोर्ट को एक 'मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब' के रूप में विकसित किया गया है, जहां हवाई, सड़क और अन्य परिवहन साधनों का समन्वय किया गया है।


भविष्य की योजनाएं

भविष्य में, इस एयरपोर्ट से देश के विभिन्न शहरों को जोड़ा जाएगा और कुछ समय बाद अंतरराष्ट्रीय उड़ानें भी शुरू की जाएंगी। इंडिगो यहां से हैदराबाद, अमृतसर, चंडीगढ़ और जयपुर सहित कुल 16 शहरों के लिए उड़ानें शुरू करने की योजना बना रहा है।


यह एयरपोर्ट 1334 हेक्टेयर क्षेत्र में विकसित किया जा रहा है, और इसका पहला चरण पूरा हो चुका है। वर्तमान में इसकी क्षमता 1.2 करोड़ यात्रियों की है, जिसे बढ़ाकर 22.50 करोड़ तक पहुंचाने का लक्ष्य है। इस एयरपोर्ट में चार चरणों में कुल 5 रनवे बनाए जाएंगे और इसे कार्गो संचालन के लिए भी मजबूत किया जाएगा।