पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने विकास की गति को तेज किया
मुख्यमंत्री मान का विकास पर जोर
90 प्रतिशत घरों को मुफ्त बिजली, नहरी पानी का विस्तार
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने बताया कि उनकी सरकार 2022 से राज्य के विकास के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश में समान विकास कार्य हो रहे हैं और जनता को सभी आवश्यक सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं। मोगा के गांव चड़िक में आयोजित 'लोक मिलनी' कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि 90 प्रतिशत घरों को मुफ्त बिजली मिल रही है।
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि 10 लाख रुपये की 'मुख्यमंत्री सेहत योजना', महिलाओं के लिए वित्तीय सहायता, नहरी सिंचाई का विस्तार, पारदर्शी सरकारी भर्ती और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने जैसे कदमों ने जमीन पर बड़ा बदलाव लाया है। उन्होंने यह भी कहा कि जल्द ही हर खेत तक नहरी पानी पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। 2022 में केवल 22 प्रतिशत नहरी पानी का उपयोग सिंचाई के लिए होता था, जो अब बढ़कर 88 प्रतिशत हो गया है।
विपक्षी पार्टियों पर कटाक्ष
भगवंत सिंह मान ने विपक्षी पार्टियों की स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा, "ये पार्टियां दूल्हे के बिना बारात की तरह हैं।" उन्होंने कहा कि ये सत्ता के लिए लड़ रही हैं, लेकिन इनके पास ऐसा कोई नेता नहीं है जिसे सभी स्वीकार करें। उन्होंने शिरोमणि अकाली दल और कांग्रेस पर भी निशाना साधा, यह कहते हुए कि ये दल आपस में बंट चुके हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ये नेता केवल पंजाब की संपत्ति लूटने के लिए सत्ता में आना चाहते हैं, लेकिन जागरूक लोग ऐसा नहीं होने देंगे। उन्होंने सुखबीर सिंह बादल पर भी तंज कसा, यह कहते हुए कि वे राज्य के भूगोल को समझने में असमर्थ हैं।
अकाली दल और कांग्रेस पर आरोप
मुख्यमंत्री ने कहा कि अकाली दल ने नशे के कारोबार को बढ़ावा देकर पंजाब की पीढ़ियों को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन नेताओं ने नशा तस्करों को संरक्षण दिया और सरकारी गाड़ियों का उपयोग नशा बेचने के लिए किया।
उन्होंने कहा कि ये नेता धर्म का इस्तेमाल कर आम लोगों की भावनाओं को ठेस पहुंचाते हैं। मान ने कहा कि कांग्रेस, भाजपा और अकाली दल उनके खिलाफ एकजुट हो गए हैं क्योंकि वे उनकी सरकार द्वारा चलाए जा रहे जनकल्याणकारी कार्यक्रमों से नाराज हैं।