पंजाब में 31 जुलाई को शहीद ऊधम सिंह के बलिदान दिवस पर अवकाश
पंजाब में अवकाश की घोषणा
पंजाब सरकार ने शहीद ऊधम सिंह के बलिदान दिवस के उपलक्ष्य में 31 जुलाई 2026 को एक राजकीय अवकाश की घोषणा की है। इस संबंध में आधिकारिक सूचना जारी की गई है। इस दिन राज्य के सभी सरकारी कार्यालय, स्कूल, कॉलेज, बोर्ड, निगम और अन्य सरकारी संस्थान बंद रहेंगे।
ऊधम सिंह के बलिदान को सम्मान
यह अवकाश महान स्वतंत्रता सेनानी शहीद ऊधम सिंह के अदम्य साहस और उनके बलिदान को सम्मानित करने के लिए घोषित किया गया है। इस दिन सभी सरकारी कार्य स्थगित रहेंगे, जिससे कर्मचारी और विद्यार्थी इस अवकाश का लाभ उठा सकेंगे।
शहीद ऊधम सिंह की विरासत
पंजाब सरकार के वार्षिक अवकाश कैलेंडर में 31 जुलाई को शहीद ऊधम सिंह के शहीदी दिवस के रूप में शामिल किया गया है। ऊधम सिंह को 1919 के जलियांवाला बाग हत्याकांड के खिलाफ न्याय की लड़ाई के लिए जाना जाता है।
उन्होंने 1940 में लंदन में जलियांवाला बाग घटना के लिए जिम्मेदार पंजाब के पूर्व लेफ्टिनेंट गवर्नर माइकल ओ’ड्वायर को गोली मारकर बदला लिया। इसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया और 31 जुलाई 1940 को फांसी दी गई।
अवकाश का दायरा
सरकारी आदेश के अनुसार, पंजाब के सभी सरकारी विभागों, स्कूलों, कॉलेजों, बोर्डों, निगमों और अन्य राज्य संचालित संस्थानों में 31 जुलाई को कामकाज बंद रहेगा।
स्कूलों की गर्मी की छुट्टियां पहले ही 25 मई से 30 जून 2026 तक समाप्त हो चुकी हैं, इसलिए यह अवकाश नियमित शैक्षणिक सत्र के बीच लागू होगा। विद्यार्थियों और अभिभावकों को किसी विशेष स्थानीय निर्देश के लिए अपने संबंधित स्कूल या शिक्षा विभाग की सूचना देखनी चाहिए।
शहीद ऊधम सिंह का परिचय
शहीद ऊधम सिंह (1899-1940) भारत के प्रमुख क्रांतिकारियों में से एक थे। उनका जन्म पंजाब के सुनाम में हुआ था। माता-पिता को खोने के बाद उनका पालन-पोषण अमृतसर के एक अनाथालय में हुआ।
जलियांवाला बाग हत्याकांड ने उनके जीवन को गहराई से प्रभावित किया और उन्होंने भारत की स्वतंत्रता के संघर्ष को अपना लक्ष्य बना लिया। वे क्रांतिकारी गतिविधियों में शामिल हुए और विदेशों में रहकर स्वतंत्रता आंदोलन को आगे बढ़ाने का प्रयास किया।