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पाकिस्तान के पीएम शहबाज शरीफ ने यूएन में हाफिज सईद पर सवालों का दिया चुप्पी का जवाब

संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को हाफिज सईद के मुद्दे पर सवालों का सामना करना पड़ा। पत्रकारों ने उनसे पूछा कि कब पाकिस्तान आतंकियों को पनाह देना बंद करेगा और हाफिज सईद पर मुकदमा कब चलाया जाएगा। शहबाज शरीफ ने इन सवालों का कोई जवाब नहीं दिया, जिससे पाकिस्तान में आतंकवाद और हाफिज सईद के खिलाफ कार्रवाई का मुद्दा फिर से चर्चा में आ गया है। जानें इस घटनाक्रम के पीछे की पूरी कहानी।
 

संयुक्त राष्ट्र महासभा में हाफिज सईद पर सवाल

न्यूयॉर्क: संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र के दौरान, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को हाफिज सईद के मुद्दे पर सीधे सवालों का सामना करना पड़ा। जब वह न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में प्रवेश कर रहे थे, एक पत्रकार ने उनसे पूछा कि पाकिस्तान कब आतंकियों को पनाह देना बंद करेगा। इस पर शहबाज शरीफ ने कोई उत्तर नहीं दिया और आगे बढ़ गए।


बाद में, जब वह संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय से बाहर निकले, तो पत्रकार ने फिर से सवाल किया कि लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख हाफिज सईद पर मुकदमा कब चलाया जाएगा। इस बार भी शहबाज शरीफ ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी और चुपचाप आगे बढ़ गए।


इन सवालों का संबंध पाकिस्तान में आतंकवाद और हाफिज सईद के खिलाफ कार्रवाई से था। पत्रकार ने पूछा, 'प्रधानमंत्री, आप आतंकियों को पनाह देना कब बंद करेंगे?' लेकिन उन्होंने इस पर कोई जवाब नहीं दिया। फिर, जब वह बाहर निकल रहे थे, उनसे पूछा गया, 'हाफिज सईद पर मुकदमा कब चलाएंगे?' इस पर भी उन्होंने चुप्पी साध ली।


इस घटनाक्रम ने पाकिस्तान के आतंकवाद से संबंधित रिकॉर्ड और हाफिज सईद के खिलाफ कार्रवाई के मुद्दे को फिर से चर्चा में ला दिया है।


हाफिज मोहम्मद सईद, जो पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के सरगोधा का निवासी है, लश्कर-ए-तैयबा का संस्थापक और प्रमुख रहा है। भारत ने उसे गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) के तहत आतंकवादी घोषित किया है। 26/11 मुंबई आतंकी हमले में भी उसका नाम आरोपी के रूप में दर्ज है।


इसके अलावा, अप्रैल 2025 में पहलगाम में हुए आतंकी हमले की जांच में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने हाफिज सईद को आरोपी बनाया है। एनआईए ने जुलाई 2026 में दाखिल पूरक आरोपपत्र में उसे व्यक्तिगत रूप से और लश्कर-ए-तैयबा तथा उसके सहयोगी संगठन द रेजिस्टेंस फ्रंट के प्रमुख के रूप में साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया है।


22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में आतंकियों ने पर्यटकों और एक स्थानीय नागरिक को निशाना बनाया था, जिसमें 26 लोगों की जान गई थी। एनआईए की जांच के बाद दाखिल पूरक आरोपपत्र में हाफिज सईद को भी आरोपी बनाया गया है। जांच एजेंसी ने उस पर हमले की व्यापक साजिश में भूमिका होने का आरोप लगाया है।


इसलिए, जब संयुक्त राष्ट्र में शहबाज शरीफ से पूछा गया कि पाकिस्तान हाफिज सईद पर कब मुकदमा चलाएगा, तो यह सवाल उस व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई से संबंधित था, जिसे भारत की जांच एजेंसी ने पहलगाम आतंकी हमले की साजिश में आरोपी ठहराया है।