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पार्वती थिरुवोथु ने साझा की बचपन की दर्दनाक यादें, यौन उत्पीड़न का सामना किया

नेशनल अवॉर्ड विजेता अभिनेत्री पार्वती थिरुवोथु ने हाल ही में एक पॉडकास्ट में अपने बचपन के दर्दनाक अनुभवों को साझा किया। उन्होंने बताया कि कैसे उन्हें कम उम्र में यौन उत्पीड़न और छेड़खानी का सामना करना पड़ा। पार्वती ने अपनी मां द्वारा सिखाए गए बचाव के तरीकों के बारे में भी बताया। यह कहानी न केवल उनके व्यक्तिगत संघर्ष को उजागर करती है, बल्कि समाज में महिलाओं के खिलाफ हो रहे अत्याचारों पर भी प्रकाश डालती है।
 

पार्वती थिरुवोथु का दर्दनाक अनुभव

नई दिल्ली। नेशनल अवॉर्ड विजेता साउथ फिल्म इंडस्ट्री की प्रसिद्ध अभिनेत्री पार्वती थिरुवोथु ने हाल ही में एक साक्षात्कार में अपने बचपन की कुछ बेहद दर्दनाक और भयावह यादों को साझा किया। उन्होंने बताया कि उन्हें कम उम्र में ही कई बार यौन उत्पीड़न और छेड़खानी का सामना करना पड़ा, ऐसे अनुभव जो किसी भी बच्चे को नहीं झेलने चाहिए। आइए, हम आपको इस बारे में विस्तार से बताते हैं।

‘सीने पर वार कर दिया जाता था’

पार्वती ने ‘द मेल फेमिनिस्ट’ पॉडकास्ट में खुलकर बताया कि कैसे अनजान लोगों ने उन्हें बार-बार परेशान किया। उन्होंने कहा कि ये घटनाएं इतनी भयावह थीं कि इनका असर कई वर्षों तक उनके मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर बना रहा। पार्वती ने बताया कि बचपन में उन्हें कई बार सार्वजनिक स्थानों पर हैरेसमेंट का सामना करना पड़ा।

एक्ट्रेस ने कहा कि कभी ऑटो में चढ़ते समय कोई उन्हें चुटकी काट देता था, तो कभी रेलवे स्टेशन जैसी भीड़भाड़ वाली जगह पर कोई जोर से उनके सीने पर वार कर देता था। पार्वती ने कहा, "मैं उस समय बहुत छोटी थी और मुझे स्पष्ट याद है कि मुझे दर्द हुआ था। यह कोई हल्का स्पर्श नहीं था, बल्कि जोर से मारा गया था। मैं समझ नहीं पा रही थी कि मेरे साथ क्या हो रहा है।" उन्होंने यह भी कहा कि ये अनुभव उनके लिए बेहद डरावने थे और उन्होंने बहुत कम उम्र में ही यह समझ लिया था कि एक लड़की होने का क्या मतलब होता है।

मां ने सिखाया खुद को बचाने का तरीका

पार्वती ने बताया कि इन घटनाओं के बाद उनकी मां ने उन्हें बहुत कम उम्र में ही बाहरी दुनिया की सच्चाई से अवगत कराया। उन्होंने कहा, "मेरी मां मुझे सिखाती थीं कि सड़क पर कैसे चलना है। विंडो शॉपिंग मत करो, पुरुषों के हाथों पर ध्यान रखो।" सोचिए, अगर एक मां को अपने बच्चे को ये सब सिखाना पड़े, तो यह कितना डरावना है।

सार्वजनिक स्थानों पर अश्लील हरकतों का सामना

पार्वती ने यह भी बताया कि कई बार उन्हें सार्वजनिक स्थानों पर अश्लील हरकतों का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि उस उम्र में उन्हें समझ नहीं आता था कि उनके साथ क्या गलत हो रहा है, लेकिन समय के साथ उन्हें एहसास हुआ कि इन अनुभवों का उनके मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर कितना गहरा असर पड़ा।