पुणे में भूस्खलन से तीन लोगों की मौत, राहत कार्य जारी
महाराष्ट्र में भूस्खलन की घटना
महाराष्ट्र: महाराष्ट्र में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण पुणे जिले के मावल तहसील के पाटन गांव में सोमवार तड़के एक बड़ा भूस्खलन हुआ। पहाड़ी का एक हिस्सा अचानक ढह गया, जिससे कई घरों पर मलबा गिर गया और एक ही परिवार के तीन सदस्यों की जान चली गई। घटना के बाद राहत और बचाव कार्य तेजी से शुरू किया गया।
मृतकों की पहचान
मृतकों की पहचान 60 वर्षीय नंदू टिकोने, 55 वर्षीय अनीता टिकोने और 30 वर्षीय मौली टिकोने के रूप में हुई है। अधिकारियों के अनुसार, यह हादसा सुबह करीब 4:25 बजे हुआ, जब पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा गांव पर गिरा, जिससे लगभग पांच घर मलबे में दब गए। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, 30 से 35 लोग मलबे में फंस गए थे।
NDRF की कार्रवाई
NDRF की टीम ने क्या लिया एक्शन?
राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य शुरू किया। मलबा हटाने का कार्य लगातार जारी रहा और सभी तीन शव बरामद कर लिए गए। प्रशासन ने बताया कि अन्य प्रभावित लोगों की तलाश और सुरक्षित निकासी का कार्य भी चल रहा है।
भूस्खलन का प्रभाव
कैसी है वहां की स्थिति?
इस घटना का असर मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे और पुराने मुंबई-पुणे हाईवे पर भी पड़ा है। भारी मलबा सड़क पर आने से दोनों मार्गों पर यातायात रोक दिया गया। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि लगभग 100 टन मलबा एक्सप्रेसवे पर गिरा था। राहत की बात यह है कि लगभग 70 प्रतिशत मलबा हटा लिया गया है और पुणे से मुंबई जाने वाली एक लेन को फिर से खोल दिया गया है। प्रशासन ने उम्मीद जताई है कि जल्द ही पूरी सड़क पर यातायात सामान्य हो जाएगा।
वहीं, मुंबई और आसपास के क्षेत्रों में भी लगातार बारिश से जनजीवन प्रभावित हो रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने मुंबई, ठाणे और रायगढ़ के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। कई इलाकों में जलभराव, रेल सेवाओं में बाधा और तेज हवाओं की स्थिति बनी हुई है। पिछले दो दिनों में बारिश से संबंधित घटनाओं में मुंबई में आठ लोगों की मौत की भी खबर है।