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प्रधानमंत्री आवास योजना अर्बन 2.0: 20 लाख घरों की मंजूरी के करीब

प्रधानमंत्री आवास योजना अर्बन 2.0 ने लगभग 20 लाख घरों की मंजूरी के लक्ष्य को छू लिया है। अब तक 18.77 लाख घरों को मंजूरी दी जा चुकी है, जिससे शहरी गरीबों को सुरक्षित और किफायती आवास मिल रहा है। इस योजना के तहत महिलाओं को विशेष प्राथमिकता दी गई है, और सरकार का उद्देश्य सभी पात्र लाभार्थियों को लाभ पहुंचाना है। जानें इस योजना के बारे में और अधिक जानकारी।
 

प्रधानमंत्री आवास योजना का नया चरण

नई दिल्ली: केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री आवास योजना अर्बन 2.0 (पीएमएवाई-यू 2.0) लगभग 20 लाख घरों की मंजूरी के लक्ष्य के करीब पहुँच गई है। यह जानकारी सरकारी सूत्रों द्वारा साझा की गई है।


अब तक लगभग 18.77 लाख घरों को मंजूरी मिल चुकी है, जिससे शहरी गरीबों के लिए सुरक्षित और किफायती आवास सुनिश्चित हुआ है।


एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि ये मंजूरियां ‘सभी के लिए घर’ की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं, जिससे अधिक शहरी परिवार सुरक्षित आवास के मालिक बन सकेंगे और बेहतर भविष्य की ओर बढ़ सकेंगे।


आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय (एमओएचयूए) ने पीएमएवाई-यू 2.0 के तहत कुल 18.77 लाख घरों को मंजूरी दी है, जिससे इस योजना के कार्यान्वयन में तेजी आई है और शहरी क्षेत्रों में ‘सभी के लिए आवास’ की दिशा में प्रगति हुई है।


इन मंजूर किए गए घरों में से 17.19 लाख (92 प्रतिशत) घर महिलाओं को आवंटित किए गए हैं।


एमओएचयूए के शहरी विकास विभाग के सचिव सतेंद्र सिंह ने कहा कि पीएमएवाई-यू 2.0 को प्रभावी ढंग से लागू करने और उसकी निगरानी के लिए ठोस प्रयास किए जाने चाहिए, ताकि सभी पात्र लाभार्थियों को इसका लाभ मिल सके।


उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी प्रकार की रुकावटों की पहचान तुरंत की जानी चाहिए और राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के साथ संवाद करके उन्हें दूर किया जाना चाहिए।


पीएमएवाई-यू 2.0 का उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में रहने वाले योग्य ईडब्ल्यूएस/एलआईजी और एमआईजी परिवारों को घर बनाने में सहायता प्रदान करना है।


सरकार के अनुसार, इस योजना के तहत लाभार्थी अपना पक्का घर बना सकते हैं, योजना के तहत बने प्रोजेक्ट्स में घर खरीद सकते हैं, किफायती किराए के घर का लाभ उठा सकते हैं, या योग्य होम लोन पर ब्याज सब्सिडी का लाभ ले सकते हैं। इस प्रकार, उन्हें उनकी आवश्यकताओं, पात्रता और आर्थिक स्थिति के अनुसार कई हाउसिंग विकल्प मिलते हैं।


पीएमएवाई-यू 2.0, पीएमएवाई-यू के तहत हुई प्रगति को आगे बढ़ाता है।


कुल मिलाकर, पीएमएवाई-यू और पीएमएवाई-यू 2.0 के तहत 1.25 करोड़ से अधिक घरों को मंजूरी दी गई है और 1 करोड़ से अधिक घर लाभार्थियों को सौंपे जा चुके हैं।


समाज के कमजोर वर्गों तक योजना का लाभ पहुँचाने के लिए, बुजुर्गों को 1.80 लाख घर आवंटित किए गए हैं।


एससी लाभार्थियों के लिए लगभग 3.25 लाख, एसटी लाभार्थियों के लिए 1.02 लाख और ओबीसी लाभार्थियों के लिए 8.22 लाख घरों को मंजूरी दी गई है।