प्रधानमंत्री मोदी का मन की बात: तकनीक से लेकर सांस्कृतिक विरासत तक के महत्वपूर्ण मुद्दे
प्रधानमंत्री का संबोधन
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' के 131वें एपिसोड में देशवासियों से संवाद करते हुए तकनीकी नवाचार, सामाजिक जागरूकता और सांस्कृतिक धरोहर जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने अपने संबोधन की शुरुआत एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के अनुभवों से की और इसे भारत के लिए एक 'निर्णायक मोड़' बताया।
नवाचार और विश्व स्तरीय गुणवत्ता
प्रधानमंत्री ने बताया कि इस शिखर सम्मेलन में भारत के नवाचारों ने वैश्विक नेताओं और तकनीकी कंपनियों के प्रमुखों को प्रभावित किया। उन्होंने कहा, 'शिखर सम्मेलन में मैंने विश्व नेताओं को कई चीजें दिखाईं। यह प्रदर्शित किया गया कि एआई किस प्रकार पशुओं के उपचार में मदद कर रहा है और किसान 24x7 एआई सहायता से अपने डेयरी और पशुधन की निगरानी कैसे कर सकते हैं।'
उन्होंने भारतीय निर्माताओं और स्टार्टअप्स से उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद विकसित करने का आह्वान किया, ताकि भारत को वैश्विक स्तर पर सम्मान और मांग प्राप्त हो सके।
अंगदान के प्रति जागरूकता
प्रधानमंत्री ने केरल की आलिन शेरिन अब्राहम का उदाहरण देते हुए उनके परिवार द्वारा किए गए अंगदान की सराहना की। उन्होंने कहा, 'अंगदान के प्रति जागरूकता बढ़ रही है और चिकित्सा अनुसंधान को भी बढ़ावा मिल रहा है। आलिन जैसी कई शख्सियतें हैं जिन्होंने अंगदान के माध्यम से किसी को नया जीवन दिया है।'
सांस्कृतिक पहचान का महत्व
प्रधानमंत्री ने देशवासियों को गुलामी की मानसिकता से मुक्त होने और अपनी सांस्कृतिक पहचान को अपनाने का संदेश दिया। उन्होंने लाल किले से साझा किए गए 'पंच-प्राण' का उल्लेख किया और राजाजी महोत्सव की जानकारी दी, जो 23 फरवरी को राष्ट्रपति भवन में आयोजित होगा।
डिजिटल सुरक्षा पर ध्यान
प्रधानमंत्री ने डिजिटल साक्षरता और सुरक्षा को लेकर चिंता जताई। उन्होंने नागरिकों से केवाईसी प्रक्रिया को समझने और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का उपयोग करते समय सावधानी बरतने की अपील की।
युवा किसान की प्रेरक कहानी
उन्होंने ओडिशा के युवा किसान हिरोद पटेल की प्रेरणादायक कहानी साझा की, जो पारंपरिक खेती से हटकर नए दृष्टिकोण से खेती करने लगे।
जयललिता को श्रद्धांजलि
प्रधानमंत्री ने 24 फरवरी को पूर्व तमिलनाडु मुख्यमंत्री जे. जयललिता की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके नेतृत्व को याद किया।
पिछले एपिसोड की चर्चा
प्रधानमंत्री ने 'मन की बात' के 130वें एपिसोड का भी उल्लेख किया, जिसमें उन्होंने भारतीय स्टार्टअप्स से विश्व स्तरीय गुणवत्ता हासिल करने का आग्रह किया था।