फारूक अब्दुल्ला का विवादास्पद बयान: पाकिस्तान की प्रशंसा और दिल्ली पर आरोप
फारूक अब्दुल्ला का बयान
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉफ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने हाल ही में एक विवादास्पद बयान दिया है। बारामूला में आयोजित एक रैली के दौरान उन्होंने पाकिस्तान की प्रशंसा की और कहा कि दिल्ली अंतरराष्ट्रीय दबाव के कारण चुप है। पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि दिल्ली का सामना करने के लिए हिम्मत जुटाओ। अब्दुल्ला ने यह भी कहा कि जम्मू-कश्मीर एक दिन अपना विशेष दर्जा पुनः प्राप्त करेगा।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो
फारूक अब्दुल्ला का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है, जिसमें वह कहते हैं, 'क्या आप दिल्ली से उम्मीद कर सकते हैं कि ये आपके साथ न्याय करेंगे? इनका सामना करने की हिम्मत रखो। अगर तुम ऐसा नहीं करोगे, तो तुम मिट जाओगे। तुम्हारा नामोनिशान मिट जाएगा।'
पाकिस्तान का समर्थन
उन्होंने यह भी कहा कि कश्मीर के मुद्दे पर पाकिस्तान भारत के खिलाफ सक्रिय है और उम्मीद जताई कि पड़ोसी देश उनकी मदद करेगा। अनुच्छेद-370 पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि इसे एक दिन वापस लाया जाएगा। अब्दुल्ला ने कहा, 'वे आज चुप हैं क्योंकि दुनिया में दबाव है। हमारा पड़ोसी उनके पीछे लगा हुआ है। कश्मीर का फैसला नहीं हो रहा है। वह हमें बचाएगा, क्योंकि उनके इरादे नेक नहीं हैं।'
फाइलों की मंजूरी में देरी
अपने संबोधन में अब्दुल्ला ने कहा, 'जम्मू-कश्मीर के बाहर से एमबीबीएस, एमडी या एमएस कोर्स करने वाले छात्रों को यहां दो साल तक सेवा देनी होती है। अगर वे ऐसा नहीं करते हैं, तो उन्हें 50 लाख रुपये का जुर्माना देना पड़ता है। यहां की स्थिति यह है कि एक फाइल पिछले एक साल से उपराज्यपाल के पास पड़ी है, लेकिन उसे अभी तक मंजूरी नहीं मिली है। आप दिल्ली से न्याय की उम्मीद कैसे कर सकते हैं?'
बीजेपी की प्रतिक्रिया
बीजेपी ने अब्दुल्ला के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। बीजेपी नेता रविंदर रैना ने कहा, 'फारूक अब्दुल्ला का पाकिस्तान और कश्मीर पर बयान निंदनीय है। उन्होंने देशद्रोह का काम किया है। पाकिस्तान जम्मू-कश्मीर के लोगों का दुश्मन है। पिछले 35 वर्षों में पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर को तबाह करने की कोशिश की है। आतंकवाद को बढ़ावा देने वाला पाकिस्तान कैसे जम्मू-कश्मीर के लोगों का शुभचिंतक हो सकता है?'
खुली बगावत का आरोप
बीजेपी नेता अल्ताफ ठाकुर ने कहा कि अब्दुल्ला का बयान देश के खिलाफ खुली बगावत है। उनका बयान देश की एकता और अखंडता के खिलाफ है। नेशनल कॉन्फ्रेंस हमेशा से देश-विरोधी रही है। अब्दुल्ला के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।