बरगी बांध में क्रूज डूबने की जांच तेज, 13 लोगों की हुई थी मौत
जांच की प्रक्रिया में तेजी
मध्य प्रदेश के जबलपुर में स्थित बरगी बांध में हुए क्रूज डूबने की घटना की जांच अब तेजी से आगे बढ़ रही है। प्रशासनिक अधिकारियों ने इस मामले से जुड़े लोगों के बयान दर्ज करना शुरू कर दिया है। यह हादसा 30 अप्रैल को हुआ था, जिसमें 13 व्यक्तियों की जान चली गई थी। राज्य सरकार ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए एक जांच दल का गठन किया है, जिसे 15 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करनी है।
बयान दर्ज करने का कार्य
मध्य प्रदेश सरकार के निर्देश पर, जबलपुर के कुछ अधिकारी इस घटना से संबंधित व्यक्तियों के बयान लेने में जुटे हैं। जानकारी के अनुसार, प्रशासनिक अधिकारियों का एक दल क्रूज संचालन से जुड़े कर्मचारियों और घटनास्थल पर मौजूद अन्य लोगों के बयान दर्ज कर रहा है।
जांच दल की गतिविधियाँ
पर्यटन विकास निगम के मैंकल रिसॉर्ट के कर्मचारियों के बयान भी लिए जा रहे हैं। जांच दल यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि यह हादसा कैसे हुआ, क्या मौसम की खराबी इसके पीछे थी या फिर कोई अन्य गलती हुई। इस घटना के बाद सरकार ने तीन कर्मचारियों को तुरंत बर्खास्त कर दिया और एक को निलंबित किया।
सरकार की कार्रवाई
बरगी क्रूज हादसे के बाद राज्य सरकार ने सभी प्रकार के क्रूज संचालन पर रोक लगा दी है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस घटना के बाद दो मंत्रियों को मौके पर भेजा और स्वयं जबलपुर जाकर प्रभावित परिवारों से मिले। इसके अलावा, सरकार ने प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहायता भी प्रदान की।