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बीजेपी विधायक श्याम प्रकाश का चुनावी रणनीति पर विवादित बयान

उत्तर प्रदेश के बीजेपी विधायक श्याम प्रकाश ने चुनाव जीतने के लिए तिकड़म की बात की है, जिससे पार्टी में हलचल मच गई है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों के आधार पर चुनाव नहीं जीते जाते। इस बयान ने सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी है, जहां विपक्ष इसे बीजेपी की असली चुनावी रणनीति मान रहा है। जानें इस विवाद के पीछे की पूरी कहानी और विधायक के बयान पर प्रतिक्रियाएँ।
 

लखनऊ में सियासी भूचाल


लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजनीति में बीजेपी विधायक श्याम प्रकाश के चुनाव जीतने के रहस्य के खुलासे ने हलचल मचा दी है। हरदोई जिले के गोपामऊ से विधायक श्याम प्रकाश का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है। इस वीडियो में विधायक ने चुनाव जीतने के लिए एक ऐसा रहस्य बताया है, जिसने उनकी पार्टी को सवालों के घेरे में ला दिया है। विधायक ने स्पष्ट रूप से कहा कि चुनाव विकास कार्यों के आधार पर नहीं, बल्कि राजनीतिक चालाकियों से जीते जाते हैं।


विधायक का विवादित बयान

क्या है पूरा मामला?


यह घटना हरदोई जिले के टड़ियावां ब्लॉक में हुई, जहां ग्राम प्रधानों के कार्यकाल में छह महीने की वृद्धि के उपलक्ष्य में एक सम्मान समारोह आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में विधायक श्याम प्रकाश ने मंच से प्रधानों के सामने एक टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि हमने कई विकास कार्य किए हैं, लेकिन जिन गांवों में हमने पक्की सड़कें बनवाईं, वहां चुनाव के बाद वोट नहीं मिले। इसलिए यह सच है कि चुनाव केवल विकास के भरोसे नहीं, बल्कि राजनीतिक रणनीति से जीते जाते हैं।


BJP विधायक श्याम प्रकाश ने खुले मंच से कहा-

चुनाव विकास से नहीं, तिकड़म से जीते जाते हैं। साम, दाम, दंड, भेद जो भी तिकड़म कर पाना कर लेना, लेकिन अगला चुनाव जीतना है।

माननीय हरदोई जिले के गोपामऊ सीट से बीजेपी के विधायक हैं pic.twitter.com/Z9fkIC8kdR

— matloom siddiki (@R24NEWS1) May 31, 2026



विधायक का चुनावी मंत्र

प्रधानों को दी सलाह


विधायक ने प्रधानों को आगामी पंचायत चुनावों के लिए जीतने का एक अनोखा मंत्र भी दिया। उन्होंने कहा कि चुनाव जीतने के लिए जो भी तिकड़म करनी पड़े, साम, दाम, दंड, भेद सब अपनाना होगा, लेकिन हर हाल में अगला चुनाव जीतना है। इसके साथ ही उन्होंने प्रधानों से कहा कि वे सरकार के साथ तालमेल बनाए रखें ताकि विकास कार्यों के साथ-साथ सरकार का विश्वास भी बना रहे।


सोशल मीडिया पर बहस

विवादित बयान पर प्रतिक्रियाएँ


इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है। एक ओर विपक्ष इसे बीजेपी की असली चुनावी रणनीति बताकर घेर रहा है, वहीं दूसरी ओर बीजेपी को अपने ही विधायक के इस बयान पर सफाई देना मुश्किल हो रहा है।