ब्रिटेन में सिख बस ड्राइवर पर नस्लीय हमला, बस हाईजैक और कई वाहनों को टक्कर
ब्रिटेन में नस्लीय हमले की घटना
लंदन: ब्रिटेन के श्रॉपशायर काउंटी के टेलफोर्ड शहर में एक सिख बस चालक पर एक भयानक नस्लीय हमले का मामला सामने आया है। शुक्रवार शाम को मेडले के कोर्ट स्ट्रीट पर एक अज्ञात व्यक्ति ने ड्यूटी पर तैनात पगड़ीधारी सिख ड्राइवर पर हमला किया। हमलावर ने न केवल ड्राइवर के साथ बर्बरता से मारपीट की, बल्कि उसकी दाढ़ी भी खींची और उसे चलती बस से बाहर फेंक दिया। इसके बाद, आरोपी ने बस का नियंत्रण अपने हाथ में लेकर रॉन्ग साइड में तेज गति से दौड़ाना शुरू कर दिया, जिससे कई वाहनों को गंभीर नुकसान हुआ। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
दाढ़ी खींचकर धक्का देकर गिराया
प्रत्यक्षदर्शियों और सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के अनुसार, हमलावर ने विशेष रूप से पगड़ी पहने सिख ड्राइवर को निशाना बनाया। उसने ड्राइवर के केबिन में घुसकर उस पर ताबड़तोड़ हमला किया और उसकी दाढ़ी पकड़कर खींचने लगा। ड्राइवर ने खुद को बचाने की कोशिश की, लेकिन आरोपी ने उसे धक्का देकर सड़क पर गिरा दिया। इस घटना का वीडियो वहां मौजूद लोगों ने अपने मोबाइल में कैद किया और तुरंत पुलिस को सूचित किया।
रॉन्ग साइड में बस दौड़ाकर कई वाहनों को टक्कर
ड्राइवर को बाहर फेंकने के बाद, हमलावर ने बस की स्टेयरिंग संभाल ली और उसे पार्क वे से हाई स्ट्रीट की दिशा में उल्टी दिशा में दौड़ाना शुरू कर दिया। इस दौरान, सड़क पर जो भी वाहन आया, बस उनसे टकरा गई। बेलगाम बस ने कई कारों और अन्य वाहनों को बुरी तरह कुचल दिया, जिससे भारी नुकसान हुआ और सड़क पर अफरा-तफरी मच गई। सौभाग्य से, पुलिस ने समय रहते बस को रोक लिया और एक बड़ा हादसा टल गया।
20 वर्षीय आरोपी की गिरफ्तारी
वेस्ट मर्सिया पुलिस ने मौके से एक 20 वर्षीय युवक को डकैती और खतरनाक ड्राइविंग के आरोप में गिरफ्तार किया है। डिटेक्टिव सार्जेंट तायघ लैनी ने बताया कि यह घटना स्थानीय निवासियों के लिए बेहद डरावनी थी, लेकिन पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। उन्होंने जनता से अपील की है कि यदि किसी के पास घटना से संबंधित कोई जानकारी या फुटेज है, तो वे जांच में मदद करें। घायल सिख ड्राइवर को मौके पर प्राथमिक चिकित्सा दी गई।
ब्रिटेन के सिख समुदाय में आक्रोश
इस घिनौने हमले और दाढ़ी खींचने की घटना के बाद, ब्रिटेन और विश्वभर में सिख और पंजाबी समुदाय में भारी रोष फैल गया है। सिख संगठनों और नेताओं ने इसे स्पष्ट रूप से 'हेट क्राइम' करार देते हुए इसकी कड़ी निंदा की है। समुदाय ने ब्रिटिश प्रशासन और न्यायपालिका से आरोपी के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है और प्रवासी अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील की है।