भारतीय खिलाड़ियों को एशियन गेम्स 2026 में आवास और परिवहन की चुनौतियाँ
एशियन गेम्स 2026 की तैयारी में बाधाएँ
एशियन गेम्स 2026: जापान के आइची-नागोया में एशियन गेम्स के आगाज से पहले भारतीय खिलाड़ियों को आवास और परिवहन से संबंधित समस्याओं का सामना करना पड़ा है। भारतीय शूटिंग टीम के 35 सदस्य जब नागोया पहुंचे, तो उन्हें लॉजिस्टिक्स की दिक्कतों का सामना करना पड़ा। प्रारंभ में टीम के लिए आवश्यक संख्या में कमरों की व्यवस्था नहीं की गई थी, जिसके चलते भारतीय ओलंपिक संघ को तुरंत वैकल्पिक इंतजाम करने पड़े।
इस स्थिति के सामने आने के बाद, भारतीय दल ने आयोजन की व्यवस्थाओं पर निर्भर रहने के बजाय अपनी तैयारी को तेज कर दिया है। भारत के एशियन गेम्स अभियान के प्रमुख सहदेव यादव ने बताया कि लगभग 30 से 35 खिलाड़ियों के नाम आवास की सूची से हटा दिए गए थे। भारतीय दल का कहना है कि उसने खिलाड़ियों की संख्या के अनुसार ही भेजा था।
अतिरिक्त कमरे की व्यवस्था की गई
यादव के अनुसार, समस्या के तुरंत बाद भारतीय टीम ने होटल में अतिरिक्त कमरे बुक किए। पहले 18 कमरे बुक किए गए और आवश्यकता के अनुसार 10 और कमरे बुक करने की योजना बनाई गई, ताकि प्रभावित खिलाड़ियों को ठहरने में कोई कठिनाई न हो। उन्होंने यह भी बताया कि अब भारतीय खिलाड़ियों के लिए रहने की व्यवस्था सुनिश्चित कर दी गई है।
शूटिंग टीम को केवल कमरों की समस्या का सामना नहीं करना पड़ा। नागोया पहुंचने के बाद खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ को बस के लिए भी काफी समय तक इंतजार करना पड़ा। इसके अलावा, शूटिंग रेंज तक पहुंचने में लंबी दूरी तय करने और परिवहन व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठे हैं।
तीन-स्तरीय बैकअप सिस्टम की स्थापना
लगातार आ रही शिकायतों के बीच, खेल मंत्रालय ने नागोया में भारतीय खिलाड़ियों के लिए एक तीन-स्तरीय सपोर्ट सिस्टम तैयार किया है। इसके तहत लगभग 2,000 प्रवासी भारतीयों को बैकअप के रूप में रखा गया है, ताकि आवश्यकता पड़ने पर खिलाड़ियों के ठहरने की वैकल्पिक व्यवस्था की जा सके।
इसके अतिरिक्त, एयरपोर्ट और वेलकम सेंटर पर भारतीय अधिकारियों की एक टीम तैनात की गई है। खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने भी स्थिति की समीक्षा की है। भारतीय दल का कहना है कि उनका ध्यान खिलाड़ियों को किसी भी प्रकार की लॉजिस्टिक्स समस्या से बचाकर उनकी तैयारी पर केंद्रित रखने पर है।