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भीषण आग ने जीरकपुर के बलटाना फर्नीचर मार्केट को किया तबाह

जीरकपुर के बलटाना फर्नीचर मार्केट में बुधवार तड़के एक भीषण आग लग गई, जिससे 22 टिन शेड जलकर राख हो गए। लाखों रुपये का फर्नीचर और अन्य सामान जल गया, लेकिन राहत की बात यह है कि कोई हताहत नहीं हुआ। आग बुझाने के लिए कई दमकल गाड़ियां बुलानी पड़ीं। स्थानीय लोग भी आग बुझाने में मदद के लिए आगे आए। यह घटना दिवाली से पहले हुई, जिससे व्यापारियों को बड़ा आर्थिक नुकसान हुआ है। जानें इस घटना के बारे में और अधिक जानकारी।
 

जीरकपुर में बलटाना मार्केट में आग का कहर


बलटाना मार्केट में आग: पंजाब के जीरकपुर में बलटाना फर्नीचर मार्केट में बुधवार की सुबह एक भीषण आग ने भारी तबाही मचाई। आग इतनी तेजी से फैली कि 22 टिन शेड इसकी चपेट में आ गए, जिससे लाखों रुपये का फर्नीचर और अन्य सामान जलकर राख हो गया। दिवाली से पहले हुए इस हादसे ने व्यापारियों को बड़ा आर्थिक नुकसान पहुंचाया है। राहत की बात यह है कि इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। आग बुझाने के लिए जीरकपुर, मोहाली, डेराबस्सी, पंचकूला और एयरफोर्स स्टेशन से दमकल की गाड़ियां बुलानी पड़ीं। कई घंटों तक चले राहत कार्य के बाद भी दुकानदार जले हुए मलबे से सामान निकालने में लगे रहे।


सुबह 4 बजे आग लगी, 22 शेड प्रभावित

सूत्रों के अनुसार, बुधवार सुबह लगभग 4 बजे बलटाना फर्नीचर मार्केट में अचानक आग लग गई। प्रारंभ में आग एक टिन शेड में लगी, लेकिन वहां रखे लकड़ी के फर्नीचर और अन्य ज्वलनशील सामग्रियों के कारण लपटें तेजी से फैलने लगीं। कुछ ही समय में आग ने आसपास के शेडों को भी अपनी चपेट में ले लिया। देखते ही देखते कुल 22 टिन शेड जलकर राख हो गए। आग की ऊंची लपटें और धुएं का गुबार देखकर आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं। आसपास के कई शहरों से अतिरिक्त दमकल गाड़ियां भी बुलाई गईं। दमकल कर्मियों ने घंटों की मेहनत के बाद आग पर काबू पाया। घटना के करीब पांच घंटे बाद भी दुकानदार और कर्मचारी जले हुए सामान को बाहर निकालने में जुटे हुए थे।


स्थानीय लोगों ने भी आग बुझाने में मदद की

आग लगने के बाद आसपास के निवासी और स्थानीय लोग भी मदद के लिए आगे आए। बलटाना निवासी बलदेव सिंह के अनुसार, आग की लपटें इतनी तेज थीं कि शुरुआत में लोगों ने बाल्टियों से पानी डालकर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन आग पर काबू नहीं पाया जा सका। देखते ही देखते आग ने कई शेडों को अपनी चपेट में ले लिया और दुकानदारों की आंखों के सामने उनका लाखों रुपये का सामान जल गया। दुकानदार सुखदेव सरकारा ने बताया कि घटना के करीब पांच घंटे बाद भी सामान बचाने और मलबे से उपयोगी चीजें निकालने का काम जारी था। दिवाली से ठीक पहले हुए इस हादसे ने कारोबारियों की सालभर की कमाई और त्योहार की तैयारियों को बड़ा झटका दिया है। कई दुकानदारों के सामने अब दोबारा कारोबार शुरू करने की चुनौती खड़ी हो गई है।


बलटाना मार्केट में आग लगने की यह पहली घटना नहीं

बलटाना फर्नीचर मार्केट में आग लगने की यह पहली घटना नहीं है। यहां कई टिन शेड और अस्थायी दुकानें बनी हुई हैं, जिनमें लकड़ी के फर्नीचर के साथ पेंट, थिनर, तेल और अन्य ज्वलनशील सामग्री रखी जाती है। बिजली के अस्थायी कनेक्शन और अग्निशमन सुरक्षा इंतजामों को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं। इसी साल 4 जुलाई को भी मार्केट क्षेत्र में आग लगने से सात शेड जलने की खबर सामने आई थी। इसके अलावा मई 2024 में बलटाना की फर्नीचर मार्केट में भीषण आग से 24 से अधिक अस्थायी दुकानें और ढांचे जलकर नष्ट हो गए थे। उस समय आग बुझाने के लिए 12 दमकल गाड़ियों को लगाया गया था।