मॉनसून 2026: मौसम विभाग ने दी किसानों के लिए चिंताजनक खबर
मॉनसून 2026 की स्थिति
मॉनसून 2026 अपडेट: उत्तर भारत में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। दिल्ली और उत्तर प्रदेश सहित कई क्षेत्रों में तेज हवाओं के साथ बारिश हो रही है, जिससे गर्मी से कुछ राहत मिली है। हालांकि, लोग अब भी मॉनसून का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इस बीच, मौसम विभाग ने अल-नीनो की संभावना भी जताई है, जिसका प्रभाव बारिश पर पड़ सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार, इस बार जून से सितंबर के बीच होने वाली मॉनसूनी बारिश में 10 प्रतिशत की कमी आने की संभावना है। इसका मतलब है कि सामान्य बारिश की मात्रा 90 प्रतिशत से भी कम हो सकती है। हालांकि, पूर्वोत्तर भारत में सामान्य बारिश की उम्मीद है। अन्य क्षेत्रों में, विशेषकर मध्य और प्रायद्वीपीय भारत जैसे मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ में सामान्य से कम बारिश की संभावना है, जिससे किसानों की चिंताएं बढ़ सकती हैं।
मॉनसून कोर जोन में भी कम बारिश की आशंका जताई गई है। जून 2026 में सामान्य से 10 प्रतिशत कम बारिश होने की संभावना है। केवल उत्तर पूर्व भारत और मध्य प्रायद्वीपीय भारत में सामान्य से अधिक बारिश की संभावना है। जून में उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, बिहार, छत्तीसगढ़, आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र, हिमाचल प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु, राजस्थान और झारखंड के कुछ हिस्सों में हीटवेव की स्थिति बन सकती है।
मई में देश में सामान्य से चार प्रतिशत अधिक बारिश हुई है, जबकि मॉनसून सीजन के दौरान अल-नीनो की स्थितियां बनी रह सकती हैं। आईएमडी के अनुसार, अगले दो से तीन दिनों में मॉनसून लक्षद्वीप और बंगाल की खाड़ी की ओर बढ़ सकता है। वर्तमान में, मॉनसून श्रीलंका और अंडमान-निकोबार द्वीपसमूह पहुंच चुका है। इस बार 1-2 जून तक केरल में मॉनसून की एंट्री होने की संभावना है।