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मॉनसून का असर: भारत में बारिश और बर्फबारी से मौसम में बदलाव

भारत में मॉनसून की सक्रियता से कई क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी का अनुमान है। पूर्वोत्तर से लेकर दक्षिण और पश्चिम तक तेज बारिश की संभावना है, जिससे किसानों को राहत मिल सकती है। हिमाचल प्रदेश में बर्फबारी के कारण यातायात प्रभावित हुआ है। जानें किस क्षेत्र में मौसम कैसा रहेगा और क्या सावधानियां बरतनी चाहिए।
 

मॉनसून की सक्रियता का पूर्वानुमान


नई दिल्ली: भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, 23 जून मंगलवार को देशभर में मॉनसून सक्रिय रहेगा। पूर्वोत्तर से लेकर दक्षिण और पश्चिम तक कई क्षेत्रों में तेज बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं की संभावना है। कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश भी हो सकती है।


पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत में बारिश का दौर

असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। कुछ जिलों में भारी से अति भारी बारिश का अनुमान है। उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा।


पूर्वी और मध्य भारत में ओडिशा, झारखंड, बिहार, छत्तीसगढ़ और पूर्वी मध्य प्रदेश में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं। मॉनसून के सक्रिय होने से किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है। वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में उमस और गर्मी बनी रह सकती है। कुछ स्थानों पर लू जैसे हालात भी बन सकते हैं।


महाराष्ट्र, गोवा और गुजरात में बारिश की संभावना

पश्चिमी और दक्षिणी भारत में मॉनसून का प्रभाव बढ़ेगा। महाराष्ट्र, गोवा, दक्षिण गुजरात, कर्नाटक, केरल, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में व्यापक बारिश होने की संभावना है। पश्चिमी तट के कई क्षेत्रों में भारी बारिश हो सकती है। गुजरात के दक्षिणी जिलों में बारिश तेज रहेगी, जबकि उत्तरी हिस्से अपेक्षाकृत शुष्क रह सकते हैं।


दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाओं का अनुमान है। पश्चिमी विक्षोभ और मॉनसून के प्रभाव से तापमान में थोड़ी गिरावट आएगी।


हिमाचल में बर्फबारी से यातायात प्रभावित

चंबा जिले में सोमवार को अचानक बर्फबारी के कारण डलहौजी-लक्कड़मंडी-खज्जियार मार्ग लगभग दो घंटे तक बंद रहा। कई पर्यटकों के वाहन जाम में फंस गए। हालांकि, जून में बर्फबारी देखकर पर्यटक खुश नजर आए। पीडब्ल्यूडी ने मशीनों की मदद से रास्ता साफ कर यातायात बहाल किया।


शिमला मौसम केंद्र ने अगले चार दिन चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला में गरज-चमक के साथ बारिश और 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं का यलो अलर्ट जारी किया है।


अरुणाचल और कश्मीर में मौसम का अलर्ट

अरुणाचल प्रदेश में मंगलवार से भारी बारिश और बिजली गिरने की संभावना है। पश्चिम कमेंग, पापुम पारे, पश्चिम सियांग, लोहित और नामसाई जैसे जिलों में तेज बारिश हो सकती है। बुधवार और गुरुवार को भी मौसम खराब बना रहेगा।


कश्मीर में सोमवार को भारी बारिश और ओलावृष्टि के कारण श्रीनगर समेत कई क्षेत्रों में जलभराव हो गया। तापमान में गिरावट दर्ज की गई। प्रशासन ने जल निकासी का काम शुरू कर दिया है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे खराब मौसम में सतर्क रहें और पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें।