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राम जन्मभूमि मंदिर दान में गड़बड़ी: विनय कटियार का बड़ा बयान

अयोध्या के श्री राम जन्मभूमि मंदिर में दान में कथित गड़बड़ी के मामले में बीजेपी नेता विनय कटियार ने चौंकाने वाले आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि ट्रस्ट के तीन प्रमुख सदस्य जेल जा सकते हैं। इस मामले में SIT और यूपी पुलिस ने जांच की गति बढ़ा दी है। कटियार ने प्रधानमंत्री मोदी से भी इस मुद्दे पर चर्चा की थी। जानें इस विवादास्पद मामले की पूरी कहानी और जांच की ताजा स्थिति।
 

अयोध्या में दान में गड़बड़ी का मामला

अयोध्या: श्री राम जन्मभूमि मंदिर को मिले दान में कथित गड़बड़ी के संदर्भ में बजरंग दल के संस्थापक और वरिष्ठ बीजेपी नेता विनय कटियार ने एक चौंकाने वाला बयान दिया है। कटियार ने श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय, एडमिनिस्ट्रेटर गोपाल राव और पूर्व ट्रस्टी अनिल मिश्रा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि ये तीनों जल्द ही जेल जा सकते हैं। इस विवादास्पद मामले में कटियार के बयान ने राजनीतिक और धार्मिक हलचल को बढ़ा दिया है, जबकि स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) और यूपी पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने अपनी जांच की गति को तेज कर दिया है।


‘पैसे का गबन हुआ है, जिम्मेदार अधिकारी जाएंगे जेल’: विनय कटियार ने चंदा गबन के मामले में खुलकर बात करते हुए कहा कि इसमें पैसे का गबन हुआ है। उन्होंने यह भी बताया कि इस मुद्दे पर उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से चर्चा की थी। कटियार के अनुसार, जब पीएम मोदी ने उनसे भविष्य के बारे में पूछा, तो उन्होंने कहा कि सब ठीक हो जाएगा। लेकिन, उन्होंने यह भी कहा कि चंपत राय, गोपाल राव और अनिल मिश्रा को जेल की हवा खानी पड़ सकती है।


कल्याण सिंह को याद करते हुए कटियार का बयान: कटियार ने पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के कार्यकाल को याद करते हुए उनकी प्रशंसा की। उन्होंने भावुक होकर कहा कि राम मंदिर के लिए उन्होंने बड़ी कुर्बानी दी है और उनके कई साथी शहीद हुए थे। कटियार ने बताया कि एक बार कल्याण सिंह ने उनसे पूछा था कि ‘आप क्या कर रहे हैं?’, तब उन्होंने उत्तर दिया था कि ‘कुछ नहीं हो रहा है, भगवान सब ठीक कर देंगे।’


SIT ने जांच की समयसीमा बढ़ाई: श्री राम जन्मभूमि मंदिर के दान में हुई कथित हेराफेरी की जांच कर रही SIT ने अपनी समयसीमा को 15 दिन बढ़ा दिया है। अधिकारियों ने बताया कि यह निर्णय इसलिए लिया गया है ताकि सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा सके। जांच एजेंसी का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि इस मामले में कोई भी दोषी कानून से बच न सके।


SOG द्वारा आरोपी से पूछताछ: उत्तर प्रदेश पुलिस ने भी इस मामले में अपनी कार्रवाई को तेज कर दिया है। राम मंदिर चंदे में कथित हेराफेरी के संदर्भ में पुलिस की टीमें सबूत जुटाने में लगी हुई हैं। इस क्रम में, अयोध्या स्थित SOG के दफ्तर में आरोपी अविनाश शुक्ला से कड़ी पूछताछ की जा रही है। इस पूछताछ से कई महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना है।