राम मंदिर ट्रस्ट में पूर्व एयर मार्शल की नियुक्ति पर उठे सवाल
राम मंदिर ट्रस्ट में नई नियुक्ति
अयोध्या के राम मंदिर ट्रस्ट ने प्रशासनिक कार्यों के लिए पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) के रूप में नियुक्त किया है। मिश्रा ने अपने पद का कार्यभार संभाल लिया है। इस बीच, पूर्व IPS अधिकारी राजेश पांडे ने इस नियुक्ति को लेकर कुछ सवाल उठाए हैं।
राजेश पांडे का बयान
राजेश पांडे ने एक समाचार चैनल को दिए गए पॉडकास्ट में कहा कि राम मंदिर ट्रस्ट के CEO पद के लिए 5386 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिनमें से 16 आवेदकों का इंटरव्यू लिया गया। उन्होंने यह भी दावा किया कि जितेंद्र मिश्रा इंटरव्यू में उपस्थित नहीं थे, फिर भी उन्हें इस महत्वपूर्ण पद पर नियुक्त कर दिया गया। पांडे ने सवाल उठाया कि यह कैसे संभव हुआ, यह किसी को नहीं पता।
जितेंद्र मिश्रा का इंटरव्यू
पूर्व IPS राजेश पांडे ने कहा, 'जितेंद्र मिश्रा इंटरव्यू देने नहीं आए थे। मेरा चयन लगभग निश्चित था, फिर भी निर्णय क्यों बदला गया, यह मुझे नहीं पता। इस बारे में राम मंदिर ट्रस्ट से पूछना चाहिए।'
ऑनलाइन इंटरव्यू का अनुभव
राजेश पांडे, जो लखनऊ के अलीगंज हनुमान मंदिर ट्रस्ट के सेक्रेटरी हैं, ने बताया कि उन्होंने राम मंदिर ट्रस्ट की नियुक्ति समिति के सामने ऑनलाइन इंटरव्यू दिया था। इस इंटरव्यू में राम मंदिर ट्रस्ट से संबंधित सवाल पूछे गए थे। इसके बाद उन्हें मेल आया कि उन्हें फिजिकल इंटरव्यू के लिए ट्रस्ट के कार्यालय आना होगा।
इंटरव्यू में पूछे गए सवाल
फिजिकल इंटरव्यू के लिए 16 उम्मीदवारों को बुलाया गया था, जिसमें ट्रांसपेरेंसी और तकनीक के उपयोग जैसे विषयों पर चर्चा की गई। राजेश पांडे ने कहा कि उन्हें विश्वास था कि उनका चयन हो जाएगा। इस इंटरव्यू में 9 लोग सेना से और IAS-IPS के अधिकारी शामिल थे। पांडे ने इस पॉडकास्ट में कहा कि उन्हें नहीं पता कि उनका चयन राम मंदिर ट्रस्ट के लिए क्यों नहीं किया गया।