राहुल गांधी ने भोपाल में केंद्र सरकार पर साधा निशाना, व्यापार समझौते को बताया नुकसानदायक
किसान महा चौपाल में राहुल गांधी का बयान
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने भोपाल में आयोजित 'किसान महा चौपाल' में केंद्र सरकार की नीतियों पर तीखा हमला किया। उन्होंने राष्ट्रीय सुरक्षा से लेकर अमेरिका के साथ हुए व्यापार समझौते तक कई मुद्दों पर सवाल उठाए। इसके अलावा, उन्होंने पूर्व सेना प्रमुख जनरल एम.एम. नरवणे की एक अप्रकाशित किताब का उल्लेख करते हुए चीन के संदर्भ में भी चिंता व्यक्त की।
चीन के मुद्दे पर गंभीर आरोप
राहुल गांधी ने कहा कि जनरल नरवणे ने अपनी किताब में स्पष्ट रूप से लिखा है कि जब चीन के टैंक भारत की सीमा में प्रवेश कर रहे थे, तब उन्होंने रक्षा मंत्री, एनएसए और विदेश मंत्री को फोन किया था, लेकिन किसी ने जवाब नहीं दिया। उन्होंने यह भी बताया कि दो घंटे बाद रक्षा मंत्री का फोन आया, जिसमें कहा गया कि जो उचित लगे, वह करें।
अमेरिकी व्यापार समझौते का प्रभाव
राहुल गांधी ने अमेरिकी व्यापार समझौते पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि डोनाल्ड ट्रंप के साथ किए गए इस समझौते से भारत के सोया, कपास और दाल के किसान प्रभावित होंगे। उन्होंने यह भी बताया कि इस डील के तहत भारत को हर साल अमेरिका से 9 लाख करोड़ रुपये का सामान खरीदना होगा, जिससे देश की टेक्सटाइल उद्योग को नुकसान होगा।
व्यापार समझौता रद्द करने की चुनौती
इस दौरान, विपक्ष के नेता ने एपस्टीन फाइल्स का भी जिक्र किया और कहा कि इससे जुड़े लाखों दस्तावेज अभी तक सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। उन्होंने केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी का नाम उजागर करने का आरोप लगाया और प्रधानमंत्री के अंबानी और अडाणी के साथ संबंधों पर भी सवाल उठाए। राहुल गांधी ने सरकार को चुनौती दी कि वह अमेरिका के साथ इस जनविरोधी डील को रद्द करे और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संघर्ष के लिए तैयार रहने का आह्वान किया।