रूस से तेल आयात पर छूट समाप्त होने की संभावना: अमेरिकी विदेश मंत्री का बयान
अमेरिकी विदेश मंत्री का महत्वपूर्ण बयान
भारत समेत कई देशों पर पड़ेगा असर
वॉशिंगटन: ईरान के साथ बढ़ते तनाव के बीच, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने एक बयान दिया है जो भारत सहित अन्य देशों के लिए चिंता का विषय बन गया है। उन्होंने कहा है कि रूस से कच्चे तेल के आयात पर दी गई छूट जल्द समाप्त होने की संभावना है।
रूबियो ने सीनेट की विदेश संबंध समिति के समक्ष यह जानकारी दी। उनका कहना है कि अमेरिका की नीति रूस के तेल क्षेत्र पर प्रतिबंध लगाने की है, और इसलिए यह छूट जल्द से जल्द समाप्त की जाएगी। हालांकि, अंतिम निर्णय अमेरिकी वित्त विभाग द्वारा लिया जाएगा।
छूट की अवधि समाप्त होने की तारीख
अमेरिका ने मार्च में रूस से तेल खरीद पर कुछ देशों को छूट दी थी, जिसे बाद में दो बार बढ़ाया गया। हालिया विस्तार 17 मई को एक महीने के लिए दिया गया था, जो 17 जून को समाप्त हो रहा है। सुनवाई के दौरान, सीनेट सदस्य जीन शाहीन ने पूछा कि क्या इस छूट को आगे नहीं बढ़ाया जाएगा।
इस पर रूबियो ने कहा कि यह राहत वैश्विक तेल आपूर्ति बनाए रखने और कीमतों में वृद्धि को नियंत्रित करने के लिए दी गई थी। भारत उन देशों में शामिल है जिन्हें इस छूट का लाभ मिला है।
छूट का कारण
यूक्रेन के खिलाफ युद्ध समाप्त करने के लिए अमेरिका ने रूस से तेल आयात करने वाले देशों पर उच्च टैरिफ लगाया था। इसके बाद भारत सहित कई देशों ने रूस से तेल आयात करना बंद कर दिया। लेकिन फरवरी में ईरान पर हमले के बाद, होर्मुज जलडमरूमध्य बंद हो गया, जिससे कई देशों में कच्चे तेल की कमी हो गई। इस स्थिति में अमेरिका ने भारत समेत अन्य देशों को रूस से कच्चा तेल आयात करने की छूट दी, जिसकी अवधि 17 जून को समाप्त हो रही है।