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लखनऊ अग्निकांड: निलंबित अधिकारी ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र, जिम्मेदारी CFO पर डालने की मांग

लखनऊ के अलीगंज में एक अग्निकांड में 15 लोगों की जान जाने के बाद, निलंबित FSSO कमलेंद्र कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा है। उन्होंने पत्र में कहा है कि उनके खिलाफ की गई कार्रवाई अन्यायपूर्ण है और इस घटना की पूरी जिम्मेदारी CFO पर डालने की मांग की है। कमलेंद्र ने आग लगने के बाद की गई कार्रवाई में देरी और समन्वय की कमी को CFO की लापरवाही बताया है। इस पत्र में उन्होंने पीड़ित परिवारों को न्याय और उचित मुआवजे की भी मांग की है।
 

लखनऊ अग्निकांड में 15 की मौत, कार्रवाई का दौर शुरू


लखनऊ। राजधानी लखनऊ के अलीगंज में एक भयानक अग्निकांड में 15 लोगों की जान चली गई। इस घटना के बाद मुख्यमंत्री ने चार अधिकारियों को निलंबित कर दिया, जिनमें फायर विभाग के FSSO कमलेंद्र कुमार सिंह भी शामिल हैं। कमलेंद्र ने अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को एक पत्र लिखा है, जिसमें उन्होंने कहा है कि उनके खिलाफ की गई कार्रवाई पर पुनर्विचार किया जाए और इस घटना की पूरी जिम्मेदारी लखनऊ के CFO पर डाली जाए।


कमलेंद्र कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री को पत्र में उल्लेख किया कि 22 जून को अलीगंज क्षेत्र में एक कोचिंग सेंटर में लगी आग में 15 छात्रों की जान गई। इस घटना ने पूरे प्रदेश को गहरे शोक में डाल दिया। उन्होंने कहा कि उनके जैसे छोटे स्तर के अधिकारियों पर कार्रवाई करना अन्यायपूर्ण है, क्योंकि उनका कार्यक्षेत्र सीमित है।



कमलेंद्र ने अपने पत्र में स्पष्ट किया कि उनका कार्य केवल स्थानीय निरीक्षण और रिपोर्टिंग तक सीमित है। उन्हें भवनों की फायर क्लियरेंस देने या सुरक्षा मानकों को लागू करने का अधिकार नहीं है। मुख्य जिम्मेदारी CFO की होती है, जो पूरे शहर की फायर सेफ्टी व्यवस्था के लिए जिम्मेदार होते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जिस इमारत को आवासीय उपयोग के लिए पास किया गया था, वह वर्षों से अवैध रूप से व्यावसायिक उपयोग में ली जा रही थी, यह CFO के ध्यान में आना चाहिए था।


उन्होंने पत्र में यह भी लिखा कि आग लगने के बाद दमकल प्रक्रिया में देरी और समन्वय की कमी CFO की लापरवाही को दर्शाती है। उन्होंने निवेदन किया कि उनके खिलाफ की गई कार्रवाई पर पुनर्विचार किया जाए, और CFO के खिलाफ कठोर विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही, पीड़ित परिवारों को शीघ्र न्याय और उचित मुआवजा सुनिश्चित करने की मांग की।