वाराणसी में पुलिसकर्मी पर दुष्कर्म का आरोप, गिरफ्तार
वाराणसी में गंभीर मामला
वाराणसी: उत्तर प्रदेश के वाराणसी से एक गंभीर घटना की जानकारी मिली है, जिसमें ओमप्रकाश राजभर के गनर के रूप में तैनात एक सिपाही को दुष्कर्म और धोखाधड़ी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी का नाम प्रशांत राय है, जो उत्तर प्रदेश पुलिस में कार्यरत था।
पीड़िता के अनुसार, लगभग चार साल पहले आरोपी ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर उससे संपर्क किया। धीरे-धीरे उसने उसका विश्वास जीत लिया और शादी का वादा कर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद वह वाराणसी के बेनीपुर क्षेत्र में किराए के मकान में उसके साथ रहने लगा।
हालांकि, जब महिला ने शादी के लिए दबाव डालना शुरू किया, तो आरोपी ने अपने वादे से मुंह मोड़ लिया और उसे नजरअंदाज करने लगा। पीड़िता का आरोप है कि जब वह गर्भवती हुई, तो आरोपी ने उसके साथ मारपीट की और उसकी इच्छा के खिलाफ मिर्जापुर ले जाकर गर्भपात कराया। इस दौरान उसकी तबीयत भी बिगड़ गई, लेकिन आरोपी लगातार उसे धमकाता रहा।
आखिरकार, 4 मई को पीड़िता ने हिम्मत जुटाकर सारनाथ थाने में जाकर पूरी घटना की जानकारी दी। शिकायत मिलने के बाद आरोपी अपने भाई के साथ थाने पहुंचा। एसीपी स्तर पर पूछताछ के दौरान जब उससे सवाल किए गए, तो वह संतोषजनक उत्तर नहीं दे सका। पुलिस ने पीड़िता के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर उसे तुरंत हिरासत में ले लिया।
जानकारी के अनुसार, प्रशांत राय 2018 में उत्तर प्रदेश पुलिस में भर्ती हुआ था। उसकी पोस्टिंग गाजीपुर पुलिस लाइन में थी, जहां से उसे मंत्री की सुरक्षा ड्यूटी में गनर के रूप में तैनात किया गया था। इस घटना ने एक बार फिर पुलिस की वर्दी पर सवाल उठाए हैं। जिस सिपाही को लोगों की सुरक्षा की जिम्मेदारी दी गई थी, उस पर ऐसे गंभीर आरोप लगना पुलिस विभाग की प्रतिष्ठा के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। फिलहाल पुलिस ने आरोपी को जेल भेज दिया है और पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है, ताकि पीड़िता को न्याय मिल सके।