शंकराचार्य यौन शोषण मामले में नया मोड़: आरोपों का खुलासा
शंकराचार्य पर लगे आरोपों का नया पहलू
शंकराचार्य यौन शोषण मामला: शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ यौन शोषण के आरोपों में एक नया मोड़ सामने आया है। शाहजहांपुर के एक व्यक्ति ने मीडिया के समक्ष दावा किया है कि आशुतोष पांडेय ने उन्हें फोन पर अपनी नाबालिग बेटियों के माध्यम से शंकराचार्य को फंसाने का प्रस्ताव दिया था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनके द्वारा शंकराचार्य के खिलाफ कोई आरोप नहीं लगाया गया है।
इस व्यक्ति ने बताया कि उनके पास तीन लोग आए थे, जिन्होंने आशुतोष पांडेय से उनकी बात कराई। उन्होंने कहा, "मैं अपने घर पर था जब तीन अज्ञात लोग आए। उन्होंने मेरे पिता का नाम लिया, जिससे मुझे लगा कि वे महत्वपूर्ण हैं। बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि एक मामला है, आप इसे करवा दीजिए। उन्होंने मुझे फोन पर आशुतोष पांडेय से बात कराई। उन्होंने मुझसे कहा कि एक स्वामी जी हैं, उन्हें ठीक करना है। आप शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर अपनी बेटियों के साथ गलत काम करने का आरोप लगाएं।" मैंने उनसे कहा कि यह कैसे संभव है? इस पर आशुतोष पांडेय ने कहा कि वे मेरी सुरक्षा की पूरी गारंटी देते हैं। मैं यह बताने के लिए शंकराचार्य के पास गया था। मेरा न तो आशुतोष पांडेय से कोई संबंध है और न ही शंकराचार्य के मठ से।
व्यक्ति ने आगे कहा कि आशुतोष पांडेय ने उन्हें अपनी बेटियों के माध्यम से शंकराचार्य को फंसाने का प्रलोभन दिया था। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी शंकराचार्य से कोई व्यक्तिगत दुश्मनी नहीं है और न ही वे इस मामले में शामिल होना चाहते थे। लेकिन, उन्होंने इस साजिश में भाग लेने से मना कर दिया। यह बात उन्होंने वाराणसी में शंकराचार्य को बताई। शंकराचार्य ने कहा कि आप अपनी बात समाज के सामने रखें। उन्होंने यह भी कहा कि शुरू में उन्होंने इस मामले को नजरअंदाज किया, लेकिन जब एफआईआर दर्ज हो गई, तब उन्हें इस पर बात करनी पड़ी। आगे वे अपने वकील से सलाह लेंगे।