सिया गोयल मामले में नया मोड़: वकील और परिवार के बीच विवाद
सिया गोयल और चेतन चौधरी पर हत्या का आरोप
सिया गोयल और उनके प्रेमी चेतन चौधरी पर आरोप है कि उन्होंने 18 जून को पुणे के लोहागढ़ किले में सिया के मंगेतर केतन अग्रवाल की हत्या की। आरोप है कि उन्होंने उसे चट्टान से धक्का देकर गिराया। इस मामले की जांच पुलिस द्वारा की जा रही है, और दोनों आरोपी न्यायिक प्रक्रिया का सामना कर रहे हैं। इस बीच, मामले में एक नया विवाद सामने आया है।
सिया गोयल के वकील का दावा
अधिवक्ता आशुतोष श्रीवास्तव का कहना है कि सिया गोयल ने उन्हें अपने बचाव के लिए विधिवत नियुक्त किया था। उनके अनुसार, सिया ने उनके पक्ष में वकालतनामे पर हस्ताक्षर किए थे, जिससे वह अदालत में उनके प्रतिनिधि बन गए। हालांकि, सिया के भाई साहिल गोयल ने इस दावे को खारिज कर दिया।
साहिल गोयल की प्रतिक्रिया
साहिल गोयल ने कहा कि परिवार ने सिया की पैरवी के लिए अधिवक्ता विपुल दुशिंग को चुना है, और वही इस मामले में उनका प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। विवाद तब बढ़ा जब वडगांव मावल अदालत में सुनवाई के दौरान सिया गोयल ने कहा कि आशुतोष श्रीवास्तव उनके वकील नहीं हैं।
मानहानि नोटिस का विवरण
साहिल गोयल के बयानों के बाद, आशुतोष श्रीवास्तव ने उन्हें 10 पन्नों का कानूनी नोटिस भेजा है। नोटिस में आरोप लगाया गया है कि साहिल ने मीडिया में झूठे और भ्रामक बयान दिए हैं, जिससे उनकी पेशेवर छवि को नुकसान पहुंचा है। श्रीवास्तव का कहना है कि सिया गोयल ने पूरी स्वेच्छा से उनके पक्ष में वकालतनामा निष्पादित किया था।
नोटिस में मांगे गए कदम
नोटिस में साहिल गोयल से मांग की गई है कि वे मीडिया और सोशल मीडिया पर दिए गए सभी कथित मानहानिकारक बयान वापस लें, सार्वजनिक रूप से माफी मांगें और सात दिनों के भीतर 10 करोड़ रुपये का हर्जाना अदा करें। इसके साथ ही, संबंधित वीडियो और पोस्ट हटाने की भी मांग की गई है।