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सीबीएसई कक्षा 12 के छात्रों के लिए राहत: पुनर्मूल्यांकन परिणाम जारी

सीबीएसई ने कक्षा 12वीं के छात्रों के लिए पुनर्मूल्यांकन परिणाम जारी कर दिए हैं, जिससे छात्रों को राहत मिली है। 99.7 प्रतिशत आवेदनों का निपटारा किया गया है, और अब कॉलेजों में दाखिले की प्रक्रिया में आसानी होगी। इस वर्ष प्रक्रिया पहले से तेज रही है, और छात्रों को अपनी उत्तर पुस्तिका देखने का नया विकल्प भी दिया गया है। बोर्ड ने अफवाहों से बचने की अपील की है और सभी जानकारी केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त करने की सलाह दी है।
 

नई दिल्ली में सीबीएसई की महत्वपूर्ण घोषणा


नई दिल्ली: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने कक्षा 12वीं के छात्रों के लिए एक महत्वपूर्ण अपडेट साझा किया है। बोर्ड ने 2026 की परीक्षा के सत्यापन और पुनर्मूल्यांकन से संबंधित अधिकांश आवेदनों के परिणाम जारी कर दिए हैं। यह खबर उन छात्रों के लिए राहत की सांस के समान है, जो लंबे समय से अपने संशोधित अंकों का इंतजार कर रहे थे, क्योंकि इससे कॉलेजों में दाखिले की प्रक्रिया में भी आसानी होगी।


99.7 प्रतिशत आवेदनों का निपटारा

सीबीएसई ने जानकारी दी है कि कक्षा 12वीं के पुनर्मूल्यांकन के लिए प्राप्त 99.7 प्रतिशत से अधिक आवेदनों का निपटारा किया जा चुका है। इन सभी मामलों के परिणाम भी घोषित कर दिए गए हैं। संशोधित परिणाम जारी करने की प्रक्रिया 21 जून से शुरू हुई थी, और अब केवल कुछ आवेदन शेष हैं, जिनकी प्रक्रिया अंतिम चरण में है। बोर्ड ने आश्वासन दिया है कि बाकी छात्रों के परिणाम भी जल्द ही उपलब्ध कराए जाएंगे।


छात्रों को मिली राहत

यह निर्णय उन हजारों छात्रों के लिए राहत लेकर आया है, जो अपने संशोधित अंकों का इंतजार कर रहे थे। कई छात्र कॉलेजों में दाखिले की समय-सीमा को लेकर चिंतित थे, खासकर जब सीयूईटी यूजी 2026 के परिणाम पहले ही घोषित हो चुके थे। हाल ही में, 20,000 से अधिक छात्र पुनर्मूल्यांकन के नतीजों का इंतजार कर रहे थे। अब परिणाम जारी होने के बाद, इन छात्रों के लिए उच्च शिक्षा संस्थानों में दाखिले की प्रक्रिया को आगे बढ़ाना आसान होगा।


तेज प्रक्रिया का लाभ

सीबीएसई ने बताया कि इस वर्ष परिणाम समीक्षा की प्रक्रिया पिछले साल की तुलना में अधिक तेजी से पूरी की गई। 2025 में पुनर्मूल्यांकन के परिणाम 27 जून से जारी किए गए थे, जबकि इस बार बोर्ड ने 21 जून से ही परिणाम जारी करना शुरू कर दिया। इसका उद्देश्य छात्रों को समय पर संशोधित परिणाम उपलब्ध कराना था, ताकि उनकी आगे की पढ़ाई प्रभावित न हो।


नई सुविधा: उत्तर पुस्तिका देखने का विकल्प

इस वर्ष, सीबीएसई ने एक महत्वपूर्ण बदलाव किया है। अब छात्र सत्यापन या पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन करने से पहले अपनी जांची हुई उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी देख सकेंगे। बोर्ड का मानना है कि इससे छात्रों को अपनी उत्तर पुस्तिका को समझने का अवसर मिलेगा और वे जरूरत पड़ने पर ही आगे की प्रक्रिया के लिए आवेदन करेंगे। इससे पूरी व्यवस्था अधिक पारदर्शी और सुविधाजनक बनेगी।


तकनीकी विशेषज्ञों का सहयोग

सीबीएसई ने बताया कि पूरी प्रक्रिया को सुरक्षित और निष्पक्ष बनाने के लिए कई प्रतिष्ठित संस्थानों के विशेषज्ञों का सहयोग लिया गया। इसमें आईआईटी कानपुर, आईआईटी मद्रास और डिजिटल इंडिया कॉर्पोरेशन के तकनीकी विशेषज्ञों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। बोर्ड का कहना है कि आधुनिक तकनीक की मदद से पूरी समीक्षा प्रक्रिया को अधिक विश्वसनीय और पारदर्शी बनाया गया है।


अंक न बदलने पर भी मिलेगा मौका

सीबीएसई ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिन छात्रों के पुनर्मूल्यांकन के बाद अंकों में कोई बदलाव नहीं हुआ है, वे भी अपनी उत्तर पुस्तिका देख सकेंगे। इसके लिए उन्हें अपने संबंधित क्षेत्रीय सीबीएसई कार्यालय जाना होगा। बोर्ड जल्द ही इस प्रक्रिया से जुड़ी तारीख और अन्य जरूरी जानकारी आधिकारिक रूप से जारी करेगा।


अफवाहों से बचने की अपील

बोर्ड ने छात्रों और अभिभावकों से अपील की है कि वे केवल सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट और अधिकृत सूचना पर ही भरोसा करें। सोशल मीडिया पर फैल रही अपुष्ट जानकारी और अफवाहों से दूर रहने की सलाह भी दी गई है। सीबीएसई का कहना है कि परिणाम, पुनर्मूल्यांकन और अन्य सभी प्रक्रियाओं से जुड़ी हर महत्वपूर्ण जानकारी केवल आधिकारिक माध्यमों से ही जारी की जाएगी। इसलिए किसी भी तरह की गलत सूचना पर विश्वास करने के बजाय छात्र सीधे बोर्ड की आधिकारिक सूचना का ही पालन करें।