हरियाणा स्टार्टअप नीति 2022 में महिला उद्यमियों के लिए नई सुविधाएं
कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय
सीएम नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में लिया गया फैसला
चंडीगढ़ में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अगुवाई में मंत्रिमंडल की बैठक में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। हरियाणा स्टार्टअप नीति 2022 में व्यापक पूरक प्रावधानों को मंजूरी दी गई है। यह निर्णय स्टार्टअप को प्रोत्साहन देने, महिला नेतृत्व वाले उद्यमों को विशेष सहायता प्रदान करने और हरियाणा की स्टार्टअप प्रणाली को सशक्त बनाने के लिए नई पहलों के रूप में कार्य करेगा।
नीति का उद्देश्य
इस नीति का मुख्य उद्देश्य राज्य में स्टार्टअप प्रणाली को मजबूत करना, नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देना, महिलाओं की भागीदारी को बढ़ाना और उभरते उद्यमियों को बेहतर वित्तीय और संस्थागत सहायता प्रदान करना है।
महिला उद्यमियों के लिए विशेष लाभ
महिला नेतृत्व वाले स्टार्टअप को एक वर्ष के लिए लीज के किराए में 50 प्रतिशत की सब्सिडी मिलेगी, जो अधिकतम 10 लाख रुपये तक होगी। इसके अलावा, इन्हें सात वर्षों के लिए शुद्ध एसजीएसटी की 100 प्रतिशत प्रतिपूर्ति भी दी जाएगी, जो स्थायी पूंजी निवेश (एफसीआई) के 100 प्रतिशत की सीमा तक होगी। सामान्य स्टार्टअप को भी सात वर्षों तक एसजीएसटी की 50 प्रतिशत प्रतिपूर्ति मिलेगी।
इसके अतिरिक्त, स्टार्टअप को टेक्नोलॉजी लाइसेंसिंग या टेक्नोलॉजी हस्तांतरण के लिए 10 लाख रुपये तक की सहायता प्रदान की जाएगी। महिला नेतृत्व वाले स्टार्टअप जो हस्तशिल्प, पारंपरिक वस्त्र, पर्यावरण अनुकूल उत्पाद, आयुर्वेद आधारित स्वास्थ्य उत्पाद और स्वदेशी खाद्य उत्पादों के क्षेत्र में कार्यरत हैं, उन्हें 50,000 रुपये से 1 लाख रुपये तक के विषयगत सूक्ष्म अनुदान के माध्यम से प्रोत्साहित किया जाएगा।