अमेरिका में छात्र वीजा नियमों में बदलाव: विदेशी छात्रों पर पड़ेगा असर
अमेरिका में छात्र वीजा नियमों में प्रस्तावित बदलाव
अमेरिका में अध्ययन करने का सपना देखने वाले लाखों छात्रों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना सामने आई है। अमेरिकी सरकार छात्र वीजा (Student Visa) के नियमों में एक बड़ा परिवर्तन करने जा रही है, जिससे वहां पढ़ाई और रहना पहले की तरह सरल नहीं रहेगा। अमेरिका के होमलैंड सिक्योरिटी विभाग (DHS) ने एक नए नियम का प्रस्ताव रखा है, जिसका उद्देश्य विदेशी छात्रों द्वारा वीजा के "गलत उपयोग" को रोकना है। यह बदलाव भारत सहित उन सभी देशों के छात्रों पर प्रभाव डालेगा, जो अमेरिका को अपनी प्राथमिकता मानते हैं। सरकार का कहना है कि यह परिवर्तन देश की सुरक्षा और अमेरिकी नागरिकों के हितों को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है.वर्तमान नियमों के अनुसार, F वीजा पर अमेरिका जाने वाले छात्रों को 'ड्यूरेशन ऑफ स्टेटस' (duration of status) की सुविधा मिलती थी। इसका अर्थ है कि जब तक छात्र का पाठ्यक्रम चल रहा है, तब तक वह बिना किसी रुकावट के अमेरिका में रह सकता था। 1978 से लागू इस नियम का लाभ उठाकर कई छात्र अपने पाठ्यक्रम के समाप्त होने के बाद भी विभिन्न तरीकों से वर्षों तक अमेरिका में रह जाते थे, जिन्हें DHS ने "हमेशा के लिए छात्र" (forever students) कहा है। सरकार का मानना है कि इससे विदेशी छात्रों पर निगरानी रखने का बोझ बढ़ता है और इससे देश की सुरक्षा को खतरा हो सकता है.
नए नियम के अनुसार, विदेशी छात्रों को अमेरिका में रहने की एक निश्चित अवधि दी जाएगी, जो अधिकतम 4 साल तक हो सकती है। यदि किसी छात्र का पाठ्यक्रम 4 साल से अधिक का है या वह आगे पढ़ाई जारी रखना चाहता है, तो उसे यूनाइटेड स्टेट्स सिटिजनशिप एंड इमिग्रेशन सर्विसेज (USCIS) में जाकर अपनी वीजा अवधि बढ़ाने के लिए आवेदन करना होगा। हर बार जब कोई छात्र वीजा अवधि बढ़ाने के लिए आवेदन करेगा, तो उसकी पूरी जांच-पड़ताल की जाएगी, और उसके बाद ही उसे आगे रहने की अनुमति मिलेगी.