इंदौर में भीषण आग से 6 लोगों की मौत, इलेक्ट्रिक कार बनी कारण
इंदौर में आग की घटना से शहर में शोक
इंदौर में एक भयानक घटना ने पूरे शहर को हिला कर रख दिया है। तिलक थाना क्षेत्र के छोटा राजवाड़ा में प्रीति नगर के एक घर में रात के समय भीषण आग लग गई। आग की शुरुआत एक इलेक्ट्रिक कार से हुई, जो चार्जिंग पॉइंट में विस्फोट के कारण भड़की। देखते ही देखते, तीन मंजिला मकान धू-धू कर जलने लगा। इस हादसे में मकान मालिक मनोज पुगलिया सहित 6 लोग आग की लपटों में फंस गए और दम घुटने तथा जलने से उनकी मृत्यु हो गई। दमकल की कई गाड़ियां और राहत दल रात भर काम करते रहे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
आग का कारण और उसके प्रभाव
पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने बताया कि आग की शुरुआत घर के बाहर खड़ी इलेक्ट्रिक कार से हुई। चार्जिंग पॉइंट में विस्फोट ने आग को तेजी से फैलने में मदद की। आग इतनी भयंकर थी कि घर में सो रहे लोगों को भागने का मौका नहीं मिला। कुछ ही मिनटों में पूरा घर जलकर राख हो गया।
मलबे से शवों की बरामदगी
अब तक मलबे से 6 शव निकाले जा चुके हैं, जिनमें मकान मालिक मनोज पुगलिया भी शामिल हैं। पुलिस और राहत दल ने सुबह तक कड़ी मेहनत की। तीन लोगों को जिंदा निकाला गया, लेकिन उनकी स्थिति गंभीर है। शेष 6 लोग आग और धुएं में दम घुटने से मारे गए। परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरा इलाका शोक में डूबा हुआ है।
प्रशासन की तत्परता
सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल और SDRF की टीमें मौके पर पहुंच गईं। दमकल की पांच से अधिक गाड़ियां लगातार पानी डालती रहीं। पुलिस कमिश्नर और अन्य वरिष्ठ अधिकारी रातभर मौके पर मौजूद रहे। आग पर आंशिक काबू पाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। अब जांच शुरू हो गई है कि आग की असली वजह क्या थी।
जांच और सतर्कता
पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट या चार्जिंग पॉइंट की खराबी को आग का मुख्य कारण माना जा रहा है। अब लोग इलेक्ट्रिक वाहनों की चार्जिंग को लेकर अधिक सतर्क हो गए हैं। प्रशासन ने कहा है कि जांच पूरी होने के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने इंदौर में सड़क और घरेलू सुरक्षा पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं।