×

कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि: भारत में पेट्रोल-डीजल की स्थिरता पर सवाल

कच्चे तेल की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में तेजी ने भारत में पेट्रोल और डीजल की स्थिरता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। IMF का मानना है कि बढ़ती लागत का असर उपभोक्ताओं तक पहुंचना चाहिए, जबकि केंद्र सरकार ने फिलहाल कीमतें बढ़ाने का कोई इरादा नहीं जताया है। जानें, वर्तमान में पेट्रोल और डीजल की कीमतें क्या हैं और भारत की स्थिति पड़ोसी देशों की तुलना में कैसी है।
 

कच्चे तेल की कीमतों में उछाल


नई दिल्ली: अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई तेजी ने एक बार फिर पेट्रोल और डीजल की कीमतों पर चर्चा को बढ़ा दिया है। ब्रेंट क्रूड की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुँच गई है, जिससे कई देशों में ईंधन की कीमतें बढ़ गई हैं। हालांकि, भारत में अभी तक कीमतें स्थिर हैं और सरकारी तेल कंपनियों ने 7 मई को भी दाम नहीं बढ़ाए हैं।


IMF की चेतावनी

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) का मानना है कि बढ़ती लागत का प्रभाव उपभोक्ताओं पर पड़ना चाहिए। दूसरी ओर, केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल पेट्रोल और डीजल की कीमतें बढ़ाने का कोई इरादा नहीं है। फिर भी, बाजार के विशेषज्ञों का कहना है कि यह स्थिति लंबे समय तक नहीं टिक सकती।


कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि का प्रभाव

ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव का असर अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। कच्चे तेल की कीमतों में लगातार वृद्धि से दुनियाभर में ईंधन महंगा हो गया है। भारत में कीमतें स्थिर हैं, लेकिन सरकारी तेल कंपनियों पर लागत का दबाव बढ़ता जा रहा है। जानकारों का मानना है कि यदि वैश्विक स्थिति ऐसी ही बनी रही, तो पेट्रोल और डीजल की कीमतों में वृद्धि का दबाव और बढ़ सकता है।


IMF के अधिकारियों की राय

IMF के अधिकारियों ने कहा है कि ऊर्जा की वास्तविक लागत उपभोक्ताओं तक पहुंचनी चाहिए। IMF के कृष्णा श्रीनिवासन के अनुसार, उत्पाद शुल्क में कटौती और सब्सिडी का दायरा सीमित है। वहीं, रोड्रिगो वाल्डेस ने बताया कि महंगी ऊर्जा से खपत नियंत्रित होती है। फिच रेटिंग ने भी चेतावनी दी है कि यदि तेल कंपनियां लंबे समय तक कीमतें नहीं बढ़ातीं, तो उनकी कमाई पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है।


पेट्रोल-डीजल की वर्तमान कीमतें

सरकारी ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने बुधवार सुबह 6 बजे नई कीमतें जारी कीं। राहत की बात यह है कि आज भी पेट्रोल और डीजल के दाम में कोई बदलाव नहीं हुआ। दिल्ली में पेट्रोल 94.77 रुपये और डीजल 87.67 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। कोलकाता में भी पेट्रोल 104.99 रुपये और डीजल 91.81 रुपये प्रति लीटर पर स्थिर है।


पश्चिम बंगाल में कीमतों की स्थिरता

पश्चिम बंगाल के कई शहरों में भी पेट्रोल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। सूरी में पेट्रोल 105.43 रुपये, बारासात में 105.24 रुपये और वर्धमान में 105.33 रुपये प्रति लीटर पर स्थिर है। बहरामपुर, कृष्णानगर और कूचबिहार जैसे शहरों में कीमतें 106 रुपये के पार हैं। हालांकि, राज्यभर में आज किसी भी शहर में नई बढ़ोतरी नहीं हुई।


भारत की कीमतें पड़ोसी देशों की तुलना में कम

भारत में कीमतों की स्थिरता का असर तुलना में स्पष्ट है। पाकिस्तान में पेट्रोल की कीमत लगभग 136.75 रुपये प्रति लीटर है। चीन में यह 126.46 रुपये और नेपाल में 135.41 रुपये प्रति लीटर है। श्रीलंका और म्यांमार में भी पेट्रोल की कीमतें काफी अधिक हैं। इस प्रकार, भारत अभी भी कई पड़ोसी देशों की तुलना में अपेक्षाकृत राहत की स्थिति में है, हालांकि वैश्विक दबाव बना हुआ है।