गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर गार्ड की जिद से रुकी वैशाली एक्सप्रेस
गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर अजीबोगरीब घटना
गोरखपुर: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर एक अनोखी घटना सामने आई है। यहां एक महत्वपूर्ण ट्रेन, वैशाली एक्सप्रेस, अचानक रुक गई जब गार्ड को बैठने के लिए उचित कुर्सी नहीं मिली। नई दिल्ली से ललितग्राम जा रही इस ट्रेन के गार्ड ने नाराज होकर ट्रेन को आगे बढ़ाने से मना कर दिया, जिससे रेलवे अधिकारियों में हड़कंप मच गया।
गार्ड की नाराजगी का कारण
18 अगस्त की सुबह, वैशाली एक्सप्रेस (15566) गोरखपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 2 पर पहुंची। गार्ड रामाशीष दास को जब गार्ड यान में बैठने के लिए पहुंचे, तो वहां की कुर्सी टूटी हुई थी। इस स्थिति से नाराज होकर उन्होंने खड़े होकर ड्यूटी करने से मना कर दिया, जिससे ट्रेन वहीं रुक गई।
विवाद की जड़
बताया गया है कि गार्ड ने लखनऊ से गोरखपुर तक की यात्रा अपने टूल बॉक्स पर बैठकर की थी। लेकिन गोरखपुर से बरौनी के लिए चार्ज लेते समय उनके पास ट्रॉली बैग था, जिस पर बैठना संभव नहीं था। स्टेशन प्रबंधन से संतोषजनक उत्तर न मिलने पर उन्होंने एक लिखित मेमो भेजा, जिसमें उन्होंने स्पष्ट किया कि वह बिना कुर्सी के ट्रेन नहीं चलाएंगे।
ट्रेन की देरी और रेलवे की प्रतिक्रिया
गार्ड की इस स्थिति के बाद रेलवे अधिकारियों ने उन्हें समझाने की कोशिश की। अंततः, गार्ड ने आश्वासन मिलने के बाद ट्रेन को आगे बढ़ाने पर सहमति दी। इस पूरे घटनाक्रम के कारण वैशाली एक्सप्रेस लगभग 38 मिनट की देरी से रवाना हुई। बाद में, देवरिया रेलवे स्टेशन पर उनके लिए एक छोटी टेबल की व्यवस्था की गई।
रेलवे की सफाई
पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (CPRO) सुमित कुमार ने इस घटना पर सफाई दी। उन्होंने बताया कि वैशाली एक्सप्रेस पूर्व मध्य रेलवे की ट्रेन है और गोरखपुर से यह केवल पास होकर गुजरती है। गार्ड यान में पहले से फिक्स कुर्सी होती है और इसके लिए अलग से स्टूल देने का कोई नियम नहीं है। इस विवाद को लेकर लखनऊ मंडल ने सोनपुर मंडल को आधिकारिक कार्रवाई के लिए पत्र भेजा है।