दिल्ली में प्रदूषण की स्थिति गंभीर, स्मॉग ने बढ़ाई चिंता
दिल्ली में जहरीली हवा का संकट
दिल्ली, देश की राजधानी, एक बार फिर से जहरीली हवा की चपेट में आ गई है। रविवार की सुबह घने सफेद स्मॉग ने लोगों को परेशान कर दिया। लगातार तीसरे दिन वायु गुणवत्ता 'बहुत खराब' श्रेणी में दर्ज की गई है, और औसत AQI 375 तक पहुंच गया है। मौसम में गिरावट और सुस्त हवाओं ने प्रदूषण को नीचे रोक दिया है, जिससे एनसीआर में स्थिति और भी बिगड़ गई है।
स्मॉग की मोटी चादर ने ढका दिल्ली
रविवार की सुबह, दिल्ली के कई क्षेत्रों में धुंध और स्मॉग की मोटी परत देखी गई। इंडिया गेट, कनॉट प्लेस और अन्य प्रमुख सड़कों पर दृश्यता काफी कम थी। वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर धीमी गति से चलना पड़ा। विशेषज्ञों का कहना है कि ठंड बढ़ने और हवा की गति कम होने से प्रदूषक तत्व ऊपर नहीं उठ पा रहे हैं, जिससे हवा और भी जहरीली हो गई है।
कई क्षेत्रों में गंभीर प्रदूषण
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के 'समीर' ऐप के अनुसार, दिल्ली के कई इलाके गंभीर स्थिति में पहुंच चुके हैं। अलीपुर में AQI 421 दर्ज किया गया, जबकि जहांगीरपुरी और वजीरपुर में यह 404 तक पहुंच गया। कुल 39 निगरानी केंद्रों में से अधिकांश स्थानों पर हवा 'बहुत खराब' स्तर पर बनी हुई है, जो प्रदूषण के पूरे शहर में फैलने का संकेत देती है।
मौसम की प्रतिकूलता और सुस्त हवाएं
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, उत्तर-पश्चिम दिशा से चलने वाली हवाओं की गति 8 किलोमीटर प्रति घंटे से भी कम है। कम हवा और गिरते तापमान के कारण प्रदूषण के कण वातावरण में फंस गए हैं। यही कारण है कि दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में धुंध लंबे समय तक बनी हुई है और फिलहाल राहत की कोई ठोस उम्मीद नहीं है।
GRAP के तहत सख्त कदम
बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए प्रशासन ने ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के तहत सख्त कदम उठाए हैं। निर्माण कार्य, धूल फैलाने वाली गतिविधियों और कुछ औद्योगिक कार्यों पर नियंत्रण बढ़ाया गया है। इसके बावजूद, मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों और मानवीय गतिविधियों के कारण स्थिति में सुधार नहीं हो रहा है।
स्वास्थ्य पर बढ़ता खतरा
डॉक्टरों का कहना है कि 'बहुत खराब' और 'गंभीर' श्रेणी की हवा सीधे फेफड़ों और हृदय पर असर डालती है। बच्चों, बुजुर्गों और अस्थमा या हृदय रोग से पीड़ित लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। विशेषज्ञों ने सुबह-शाम बाहर निकलने से बचने, N95 मास्क पहनने और घरों में खिड़कियां बंद रखने की सलाह दी है।