दिल्ली में मजदूर कैंप में भीषण आग, दमकल विभाग ने किया बचाव कार्य
दिल्ली में आग की घटना
नई दिल्ली: मंगलवार की सुबह, दिल्ली के उद्योग भवन के निकट एक मजदूर कैंप में भयंकर आग लग गई। यह कैंप सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट में कार्यरत श्रमिकों के लिए स्थापित किया गया था। आग इतनी तेजी से फैली कि पूरे कैंप में लपटें उठने लगीं। दिल्ली फायर सर्विस को सुबह लगभग 3:02 बजे इस घटना की सूचना मिली।
सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गई। आग की तीव्रता को देखते हुए इसे Make-4 श्रेणी में अपग्रेड किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में दमकल गाड़ियां भेजी जाती हैं। इस घटना में कुल 25 फायर टेंडर्स और कई विशेष यूनिट्स को तैनात किया गया।
#WATCH | Delhi | Fire fighting operations underway in the slums near Udyog Bhawan area. 20 fire fighting units present at the scene. Further details awaited. pic.twitter.com/jS18iArG7L
— News Media (@NewsMedia) June 23, 2026
आग लगने का कारण:
प्रारंभिक जांच से पता चला है कि आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी हो सकती है। कैंप में छोटे LPG सिलेंडरों का भी उपयोग किया जा रहा था। आग लगने के बाद इन सिलेंडरों में विस्फोट हुए, जिससे आग और तेजी से फैल गई। कैंप में बिजली की तारें भी बिछी हुई थीं, जिससे आग पर काबू पाने में कठिनाई हुई।
दमकल अधिकारी संदीप दुग्गल ने बताया कि यह अस्थायी बस्ती सेना भवन और उद्योग भवन के पास स्थित थी। मजदूर यहां रहकर सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट पर काम कर रहे थे। आग पर काबू पाने में लगभग तीन घंटे लगे। बार-बार सिलेंडर फटने और अस्थायी झोपड़ियों के कारण बचाव कार्य में बाधा आई।
Delhi: DFS, DO, Sandeep Duggal says, "The call was received at around 3:02 AM, and our first fire units reached the spot within a few minutes. Considering the intensity of the fire, the incident was upgraded to Category/Make-4 at around 3:24 AM..." pic.twitter.com/aTuUN4uMWB
— News Media (@NewsMedia) June 24, 2026
फायर ब्रिगेड का कूलिंग ऑपरेशन:
फायर ब्रिगेड की टीमों ने आग को फैलने से रोकने के लिए पूरी कोशिश की। आसपास के क्षेत्रों में आग न फैले, इसके लिए विशेष सावधानी बरती गई। आग पर काबू पाने के बाद कूलिंग ऑपरेशन चलाया गया। अभी तक किसी के हताहत होने या घायल होने की सूचना नहीं है। पुलिस और फायर विभाग पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। आग लगने के असली कारण का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच की जाएगी।