दिल्ली में विपक्षी दलों का मार्च: CJP का समर्थन और सुरक्षा चिंताएं
CJP का समर्थन: विपक्षी दलों का मार्च
CJP का समर्थन: दिल्ली में वोट चोरी और मतदाता सूची में बदलाव के आरोपों का मामला बढ़ता जा रहा है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्षी दल इंडिया गेट से सुप्रीम कोर्ट की ओर मार्च करने की योजना बना रहे हैं। इसी बीच, कॉकरोच जनता पार्टी के नेता सौरव दास और आशुतोष रांका ने संसद मार्ग थाने में प्रदर्शन की अनुमति मांगी है। CJP ने विपक्षी मार्च को समर्थन देने का निर्णय लिया है।
प्रदर्शन की अनुमति की मांग
कॉकरोच जनता पार्टी के नेताओं ने दिल्ली पुलिस से जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अनुमति मांगी है। आशुतोष रांका ने कहा कि यदि पुलिस प्रदर्शन की तारीख तय नहीं करती है, तो वे 24 घंटे के भीतर एक और प्रदर्शन का आह्वान करेंगे। पार्टी ने विपक्षी दलों के मार्च का समर्थन करने की बात कही है, लेकिन जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति पर पुलिस का कोई निर्णय नहीं आया है।
CJI सूर्यकांत से मुलाकात का इनकार
CJI सूर्यकांत से मिलने से किया इनकार: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी ने मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत से मिलने का अनुरोध किया था। विपक्षी नेता मुख्य न्यायाधीश को वोट चोरी और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के मामले में ज्ञापन सौंपना चाहते थे। हालांकि, मुख्य न्यायाधीश ने उनसे अलग से मिलने से इनकार कर दिया और कहा कि सुप्रीम कोर्ट के दरवाजे सभी के लिए खुले हैं।
राहुल गांधी का बयान
कांग्रेस की ओर से जानकारी दी गई है कि सोमवार को दोपहर में इंडिया गेट से मार्च शुरू करने की योजना है। राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि यह लड़ाई संविधान और लोकतंत्र की रक्षा से संबंधित है। उन्होंने विपक्षी दलों के नेताओं, कार्यकर्ताओं और युवाओं से मार्च में शामिल होने की अपील की।
राहुल गांधी ने कहा कि जो लोग सीधे मार्च में नहीं आ सकते, वे भी संविधान के प्रति समर्थन व्यक्त कर सकते हैं। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ आवाज उठाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
आगे की योजना
अब आगे क्या होगा? दिल्ली में प्रस्तावित मार्च के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और यातायात पर प्रभाव पड़ सकता है। ऐसे में लोगों को घर से निकलने से पहले दिल्ली पुलिस और ट्रैफिक विभाग की ताजा जानकारी देखनी चाहिए।