पंजाब की राजनीति में आरोपों का नया दौर: आम आदमी पार्टी का विपक्ष पर हमला
पंजाब में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप की स्थिति
पंजाब की राजनीतिक स्थिति में एक बार फिर से आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला तेज हो गया है। आम आदमी पार्टी ने विपक्षी दलों पर आरोप लगाया है कि वे एकजुट होकर सरकार को निशाना बना रहे हैं। पार्टी का कहना है कि विपक्ष के पास सरकार के कार्यों का कोई ठोस जवाब नहीं है, इसलिए वे केवल राजनीतिक हमलों में लगे हुए हैं।
विपक्ष पर एकजुटता का आरोप
चंडीगढ़ में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में आम आदमी पार्टी के पंजाब मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने कांग्रेस, भाजपा और शिरोमणि अकाली दल पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि ये तीनों दल अब अलग-अलग नहीं, बल्कि एक ही उद्देश्य के तहत काम कर रहे हैं। पन्नू के अनुसार, ये दल भगवंत मान सरकार को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि विपक्ष के पास सरकार के विकास कार्यों का कोई जवाब नहीं है, इसलिए वे लगातार आरोप लगाने में लगे हैं।
सरकार की योजनाओं की उपलब्धियां
प्रेस कॉन्फ्रेंस में बलतेज पन्नू ने सरकार की कई योजनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि वर्षों बाद नहरों का पानी अंतिम गांवों तक पहुंचाया गया है और किसानों को दिन के समय बिजली उपलब्ध कराई जा रही है। उनके अनुसार, 600 यूनिट मुफ्त बिजली योजना का लाभ बड़ी संख्या में परिवारों को मिल रहा है, जिससे कई घरों का बिजली बिल शून्य आ रहा है। पन्नू ने यह भी बताया कि 34 लाख से अधिक महिलाओं को आर्थिक सहायता योजना का लाभ मिल चुका है और बाकी पात्र महिलाओं को 1 अगस्त से इसका लाभ मिलेगा।
कांग्रेस और भाजपा पर नए आरोप
पन्नू ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी हर बड़े निर्णय के लिए अपने केंद्रीय नेतृत्व पर निर्भर रहती है। उन्होंने कहा कि जो कांग्रेस पहले आम आदमी पार्टी पर दिल्ली से चलने का आरोप लगाती थी, वही आज अपने हाईकमान के निर्देशों पर काम कर रही है। पन्नू ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सुखजिंदर सिंह रंधावा की केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात का भी उल्लेख किया और कहा कि इससे कई राजनीतिक संकेत मिलते हैं। उन्होंने दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक समीकरण बदल रहे हैं और कांग्रेस के कई नेता भाजपा में शामिल हो सकते हैं।