पंजाब में UPI भुगतान पर नई चुनौतियाँ: पेट्रोल डीलर्स का विरोध
पंजाब में UPI भुगतान की नई स्थिति
पंजाब में पेट्रोल और डीजल भरवाने वाले ग्राहकों के लिए UPI भुगतान में कुछ बदलाव आने वाले हैं। पेट्रोल पंप के डीलर 2,000 रुपये से अधिक के डिजिटल लेनदेन पर लगने वाले MDR का विरोध कर रहे हैं और केंद्र से इस पर छूट की मांग कर रहे हैं।
2,000 रुपये से अधिक UPI लेनदेन पर MDR का विरोध
नई व्यवस्था के अनुसार, 2,000 रुपये से अधिक के कुछ मर्चेंट UPI लेनदेन पर MDR लागू होगा। फ्यूल जैसी श्रेणी के लिए यह शुल्क प्रति लेनदेन 5 रुपये निर्धारित किया गया है। हालांकि, यह शुल्क सीधे ग्राहकों से नहीं लिया जाएगा। पंजाब के पेट्रोल डीलरों का कहना है कि उनकी बिक्री का मार्जिन पहले से ही सीमित है, इसलिए हर बड़े डिजिटल भुगतान पर अतिरिक्त लागत उनकी आय को प्रभावित कर सकती है।
डीलरों ने राहत की मांग की
पंजाब पेट्रोल पंप डीलर्स एसोसिएशन ने इस नई व्यवस्था से छूट की मांग करते हुए केंद्र सरकार को पत्र भेजने का निर्णय लिया है। डीलरों का कहना है कि उनका कमीशन बिक्री मूल्य के प्रतिशत पर आधारित नहीं होता, बल्कि प्रति लीटर तय मार्जिन से जुड़ा होता है। ऐसे में 5 रुपये की अतिरिक्त MDR लेनदेन की राशि बढ़ाने के साथ डीलर की आय में वृद्धि नहीं होती, लेकिन खर्च अवश्य बढ़ता है।
बड़े भुगतान पर ट्रक ऑपरेटरों की चिंताएँ
इस विवाद का प्रभाव विशेष रूप से बड़े वाहनों के ईंधन भुगतान पर पड़ सकता है। ट्रक और बस जैसे व्यावसायिक वाहनों में एक बार में कई हजार रुपये का डीजल भरा जाता है। पंजाब के डीलरों ने चेतावनी दी है कि यदि बड़े UPI भुगतान स्वीकार करना कठिन हो गया, तो ऑपरेटरों को नकद भुगतान करने या बार-बार ईंधन भरवाने जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। अन्य राज्यों के पेट्रोल डीलर संगठन भी MDR से छूट की मांग कर रहे हैं।
डिजिटल भुगतान पर आगे की स्थिति
पेट्रोल डीलरों का कहना है कि वे डिजिटल भुगतान को समाप्त नहीं करना चाहते, लेकिन अतिरिक्त MDR उनके लिए वित्तीय दबाव बढ़ा सकती है। देशभर में पेट्रोल पंप संगठनों ने सरकार से मौजूदा शून्य-MDR व्यवस्था को बनाए रखने की अपील की है। नए नियम 15 अक्टूबर 2026 से लागू होने वाले हैं। अब देखना यह है कि केंद्र और डीलर संगठनों के बीच बातचीत का क्या परिणाम निकलता है।