पंजाब में गगनदीप रंधावा की मौत पर राजनीतिक हलचल
गगनदीप रंधावा की मौत का मामला
गगनदीप सिंह रंधावा की मौत के बाद का राजनीतिक माहौल
पंजाब के वेयरहाउस के डिस्ट्रिक्ट मैनेजर गगनदीप सिंह रंधावा (45) की मौत ने राज्य की राजनीति में हलचल मचा दी है। शिरोमणि अकाली दल, कांग्रेस और भाजपा ने मिलकर राज्य सरकार पर आरोप लगाए हैं। वहीं, रंधावा के परिवार ने आम आदमी पार्टी के नेता लालजीत सिंह भुल्लर की गिरफ्तारी की मांग की है।
रंधावा की मौत के तीसरे दिन भी परिवार ने पोस्टमार्टम की अनुमति नहीं दी है। उनकी लाश अमृतसर के अस्पताल में रखी गई है। अमृतसर पुलिस ने भुल्लर, उनके पिता सुखदेव भुल्लर और पीए दिलबाग सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है, लेकिन गिरफ्तारी अभी तक नहीं हुई है।
रंधावा की पत्नी का बयान
रंधावा की पत्नी उपिंदर कौर ने कहा है कि जब तक भुल्लर को गिरफ्तार नहीं किया जाता, तब तक वे पोस्टमार्टम और अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। परिवार ने आज एक प्रेस कॉन्फ्रेंस भी बुलाई है। अमृतसर पुलिस के सूत्रों के अनुसार, परिवार को सलाह दी गई है कि वे पोस्टमार्टम करवा लें, उसके बाद गिरफ्तारी पर निर्णय लिया जाएगा।
चंडीगढ़ में प्रदर्शन
रविवार को चंडीगढ़ में कांग्रेस, अकाली दल और भाजपा ने आम आदमी पार्टी के खिलाफ एक संयुक्त प्रदर्शन किया। हालांकि, चंडीगढ़ पुलिस ने उन्हें सीएम हाउस तक जाने से रोक दिया। प्रदर्शनकारियों ने भुल्लर की गिरफ्तारी और मामले की जांच सीबीआई को सौंपने की मांग की। डीएम के परिवार के समर्थन में पनग्रेन, पनसप, वेयरहाउस और मार्कफेड ने पूरे पंजाब में काम बंद करने का ऐलान किया है। समूह एजेंसियों की ज्वाइंट कोऑर्डिनेशन कमेटी ने स्पष्ट किया है कि जब तक पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिलता, तब तक राज्य भर में खरीद एजेंसियों का काम ठप रहेगा।