पंजाब में तीर्थ यात्रा योजना से वरिष्ठ नागरिकों को मिल रहा लाभ
मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना का महत्व
पंजाब में धार्मिक स्थलों की यात्रा करने की इच्छा रखने वाले हजारों वरिष्ठ नागरिकों के लिए मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना एक महत्वपूर्ण साधन बन गई है। सरकार के अनुसार, 50 वर्ष से अधिक आयु के 5,10,807 श्रद्धालु इस योजना के माध्यम से विभिन्न प्रमुख धार्मिक स्थलों की यात्रा कर चुके हैं। इस योजना के तहत श्रद्धालुओं को बिना किसी यात्रा खर्च के धार्मिक स्थलों तक पहुंचाने की व्यवस्था की गई है।
योजना के आंकड़े और लाभ
पंजाब सरकार के कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौंद ने हाल ही में पंजाब भवन में एक प्रेस वार्ता के दौरान इस योजना से संबंधित आंकड़े साझा किए। उन्होंने बताया कि सरकार वरिष्ठ नागरिकों की धार्मिक भावनाओं का सम्मान करते हुए उन्हें सुविधाजनक और निशुल्क तीर्थ यात्रा उपलब्ध करा रही है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस योजना की शुरुआत 9 नवंबर 2025 को की थी, जिसके बाद बड़ी संख्या में लोग इसका लाभ उठा चुके हैं।
नए धार्मिक स्थलों की यात्रा
इस योजना के अंतर्गत प्रारंभ में श्री दरबार साहिब, दुर्गियाना मंदिर और श्री रामतीर्थ जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों की यात्रा कराई गई। इसके बाद, 12 अगस्त 2026 को तीर्थ यात्रा के लिए तीन नए मार्गों की शुरुआत की गई, जिनमें खाटू श्याम जी, सालासर बालाजी, मथुरा-वृंदावन, हरिद्वार और ऋषिकेश जैसे प्रमुख स्थल शामिल हैं। इससे वरिष्ठ नागरिकों के लिए धार्मिक यात्रा के विकल्प बढ़ गए हैं।
बसों के माध्यम से तीर्थ यात्रा
मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौंद के अनुसार, अब तक 12,450 से अधिक बसों के माध्यम से विभिन्न संगठनों से जुड़े श्रद्धालुओं को धार्मिक स्थलों तक पहुंचाया जा चुका है। यात्रा के दौरान वरिष्ठ नागरिकों की सुविधा का ध्यान रखते हुए कई व्यवस्थाएं की गई हैं। श्रद्धालुओं के लिए भोजन और ठहरने की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है, साथ ही यात्रा में मेडिकल टीम और गाइड भी मौजूद रहते हैं, ताकि आवश्यकता पड़ने पर सहायता मिल सके।
काशी यात्रा की तैयारी
श्री गुरु रविदास जी के 650वें प्रकाश पर्व के अवसर पर श्रद्धालुओं को काशी यानी वाराणसी ले जाने की योजना भी बनाई गई है। मंत्री के अनुसार, पंजाब सरकार ने केंद्र सरकार से विशेष रेलगाड़ियां चलाने का अनुरोध किया है, लेकिन अभी तक कोई जवाब नहीं मिला है। ट्रेन के माध्यम से तीर्थ यात्रा की सुविधा शुरू करने पर भी सरकार विचार कर रही है। फिलहाल, काशी यात्रा के लिए केंद्र के जवाब का इंतजार किया जा रहा है।