पेंशनधारकों के लिए डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र की नई सुविधा
नई दिल्ली में पेंशनधारकों के लिए महत्वपूर्ण जानकारी
नई दिल्ली: पेंशन प्राप्त करने वालों के लिए जीवन प्रमाण पत्र एक अनिवार्य दस्तावेज है। यह प्रमाणित करता है कि पेंशनधारक जीवित हैं और उन्हें पेंशन का भुगतान सही तरीके से किया जा रहा है। यदि समय पर जीवन प्रमाण पत्र प्रस्तुत नहीं किया जाता है, तो पेंशन के भुगतान में बाधा उत्पन्न हो सकती है।
अब पेंशनधारकों को जीवन प्रमाण पत्र जमा करने के लिए बैंकों या सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने की आवश्यकता नहीं है। फेस ऑथेंटिकेशन तकनीक के माध्यम से, डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र अब घर बैठे मोबाइल फोन से बनाया जा सकता है। इसके लिए आधार आधारित पहचान सत्यापन की प्रक्रिया अपनाई जाती है।
प्रक्रिया क्या है?
मोबाइल से जीवन प्रमाण पत्र बनाने के लिए सबसे पहले गूगल प्ले स्टोर से Jeevan Pramaan ऐप और AadhaarFaceRD ऐप डाउनलोड करना होगा। इसके अतिरिक्त, UMANG ऐप के माध्यम से भी यह सेवा प्राप्त की जा सकती है। प्रक्रिया आरंभ करने के लिए आधार नंबर, मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी जैसी आवश्यक जानकारी भरनी होगी।
इसके बाद, मोबाइल नंबर पर प्राप्त OTP के माध्यम से सत्यापन करना होगा। सत्यापन के बाद, PPO नंबर, बैंक खाता और पेंशन से संबंधित जानकारी दर्ज करनी होगी। इसके बाद, मोबाइल के कैमरे का उपयोग करके फेस ऑथेंटिकेशन पूरा करना होगा। सफल सत्यापन के बाद, डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र तैयार हो जाता है।
प्रमाण आईडी कैसे प्राप्त करें?
सर्टिफिकेट बनने के बाद, पेंशनधारक को एक प्रमाण आईडी प्राप्त होती है। प्रक्रिया पूरी होने पर मोबाइल नंबर पर एक SMS भी भेजा जाता है, जिसमें प्रमाण आईडी या लेन-देन से संबंधित जानकारी होती है। पेंशन देने वाली एजेंसी डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र को ऑनलाइन देख सकती है, इसलिए आमतौर पर इसकी हार्ड कॉपी जमा करने की आवश्यकता नहीं होती है।
पेंशनधारकों के लिए महत्वपूर्ण सुझाव
पेंशनधारकों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि वे जीवन प्रमाण पत्र को समय पर जमा करें। आधार और मोबाइल नंबर की जानकारी को अपडेट रखें। फेस ऑथेंटिकेशन करते समय चेहरे पर पर्याप्त रोशनी होनी चाहिए। प्रक्रिया पूरी होने के बाद प्राप्त प्रमाण आईडी को सुरक्षित रखना चाहिए।
यह डिजिटल सुविधा विशेष रूप से बुजुर्ग पेंशनधारकों के लिए बहुत फायदेमंद हो सकती है। उन्हें घर से ही पहचान सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करने की सुविधा मिलती है, जिससे अनावश्यक रूप से बैंक या कार्यालय जाने की परेशानी कम होती है।