बिहार में चंद्रग्रहण के दिन बच्चों की डूबने से हुई मौत
मोतिहारी में दुखद घटना
मोतिहारी: बिहार के मोतिहारी जिले में चंद्रग्रहण के दिन एक दुखद घटना घटी। पूर्वी चंपारण के केसरिया थाना क्षेत्र के लोहरगांवा गांव में नदी में स्नान करने गए छह बच्चों की डूबने से जान चली गई। इस घटना ने पूरे गांव में शोक का माहौल बना दिया है।
दुर्घटना का समय और कारण
जानकारी के अनुसार, यह हादसा मंगलवार शाम लगभग 7:15 बजे हुआ। चंद्रग्रहण समाप्त होने के बाद बच्चे सुमौति नदी के किनारे स्नान करने पहुंचे थे। धार्मिक मान्यता के अनुसार, ग्रहण के बाद लोग शुद्धिकरण के लिए नदी में स्नान करते हैं।
बच्चों की डूबने की घटना
बताया जा रहा है कि जैसे ही बच्चे नदी में उतरे, उन्होंने गहराई का सही अंदाजा नहीं लगाया और अचानक गहरे पानी में चले गए। एक-दूसरे को बचाने की कोशिश में सभी बच्चे डूबने लगे। आसपास के लोग जब तक स्थिति को समझ पाते और मदद के लिए पहुंचते, तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
गांव में शोक का माहौल
घटना की सूचना मिलते ही ग्रामीणों ने गोताखोरों की मदद से बच्चों की तलाश शुरू की। काफी प्रयासों के बाद सभी छह शव नदी से निकाले गए। जब एक साथ छह बच्चों के शव गांव पहुंचे, तो माहौल गमगीन हो गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे लोहरगांवा गांव में चीख-पुकार मची हुई है।
ग्रामीणों की प्रतिक्रिया
एक स्थानीय निवासी ने बताया कि हमने जितनी तेजी से दौड़ सकते थे, दौड़ लगाई, लेकिन बच्चों को बचाने में असफल रहे। पलभर में सब कुछ खत्म हो गया। इस दुखद घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से नदी किनारे सुरक्षा व्यवस्था और चेतावनी संकेत लगाने की मांग की है।
प्रशासन की कार्रवाई
सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शवों को अपने कब्जे में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है।
चंद्र ग्रहण का समापन
साल 2026 का पहला चंद्र ग्रहण समाप्त हो चुका है। यह चंद्र ग्रहण 3 मार्च को दोपहर 3:21 बजे शुरू हुआ और शाम 6:46 बजे समाप्त हुआ। यह पूर्ण चंद्र ग्रहण था, जिसे लेकर लोगों में काफी उत्सुकता देखी गई।