भारत-इजराइल हैकाथॉन: स्वास्थ्य सेवा में नवाचारों की खोज
भारत-इजराइल हैकाथॉन का आयोजन
यरुशलम, 14 अगस्त - इजराइल में 'सुधारात्मक स्वास्थ्य सेवा' पर आयोजित पहले भारत-इजराइल हैकाथॉन को युवा नवोन्मेषकों से शानदार प्रतिक्रिया मिली है। इस कार्यक्रम में प्रतिभागी स्वास्थ्य सेवा और पुनर्वास से जुड़ी चुनौतियों के समाधान के लिए तकनीकी उपाय विकसित करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। इस सप्ताह, इजराइल में भारत के राजदूत जेपी सिंह ने हैकाथॉन के विजेताओं को सम्मानित किया।
विजेता समाधानों की विशेषताएँ
इस हैकाथॉन में विजेता समाधानों में एक ऐसा उपकरण शामिल है, जिसे व्हीलचेयर पर लगाया जा सकता है। यह उपकरण अंगों की गतिविधियों को सुगम बनाता है, व्हीलचेयर के आगे के पहिये की स्वाभाविक गति का उपयोग करते हुए। यह बिना बिजली के व्हीलचेयर पर बैठे व्यक्ति के पैरों की नियंत्रित गतिविधि में सहायता करता है। इसका उद्देश्य अंगों की हरकत में मदद करना और पुनर्वास के लिए एक सरल और सुलभ तरीका प्रदान करना है।
भारतीय दूतावास की पहल
भारत में चुने गए सफल समाधानों में एक उपकरण भी शामिल है, जो वास्तविक समय में वीडियो प्रसंस्करण और स्वचालित गतिविधि विश्लेषण का उपयोग कर घायल मरीजों के अंगों की गतिविधियों का आकलन करता है। भारतीय दूतावास ने बताया कि इस हैकाथॉन की पहल इजराइल में भारतीय यहूदी समुदाय के सदस्य ओरी कडविल द्वारा की गई थी, जबकि अन्य सदस्यों ने आयोजन में सक्रिय भागीदारी की। दूतावास ने कहा, 'इस पहल ने भारत और इजराइल के लोगों के बीच संबंधों को मजबूत करने का एक मंच प्रदान किया है।'
समस्याओं का चयन और भागीदारी
हैकाथॉन के लिए समस्याओं का चयन दोनों देशों के अस्पतालों, स्टार्ट-अप और विश्वविद्यालयों से किया गया था। इजराइल की ओर से चार समस्याएं और भारत की ओर से 10 समस्याएं चुनी गईं, जिसमें थापर यूनिवर्सिटी नोडल साझेदार थी। दूतावास के अनुसार, इस हैकाथॉन में 1300 छात्र और अन्य प्रतिभागियों ने भाग लिया और 14 प्रकार की समस्याओं के समाधान पर चर्चा की।