भारत के विभिन्न राज्यों में बाढ़ और बारिश से भारी तबाही
देशभर में बाढ़ और बारिश का कहर
नई दिल्ली: इस समय भारत के कई राज्यों में मानसूनी बारिश और बाढ़ ने गंभीर स्थिति उत्पन्न कर दी है। असम से लेकर हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर तक, प्राकृतिक आपदा का भयानक रूप देखने को मिल रहा है। लगातार हो रही भारी बारिश, बादल फटने और भूस्खलन की घटनाओं ने जनजीवन को पूरी तरह से अस्त-व्यस्त कर दिया है। नदियां उफान पर हैं, कई घर मलबे में तब्दील हो गए हैं और अब तक दर्जनों लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। प्रशासन और बचाव टीमें राहत कार्य में जुटी हुई हैं, लेकिन हालात अभी भी चिंताजनक बने हुए हैं.
असम में बाढ़ की स्थिति, 31 लोगों की मौत
असम में बाढ़ की स्थिति सबसे गंभीर है। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के अनुसार, पिछले 24 घंटों में 21 लोगों की मौत हो गई, जिससे कुल मृतकों की संख्या 31 हो गई है। राज्य के 16 जिलों में 5.64 लाख से अधिक लोग बाढ़ से प्रभावित हैं। शिवसागर जिले में स्थिति सबसे खराब है, जहां 3.59 लाख लोग प्रभावित हुए हैं। ब्रह्मपुत्र, दिखो, देसांग और धनसिरी जैसी प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं, जिसके कारण रेलवे ट्रैक डूब गए हैं और कई ट्रेनें रद्द करनी पड़ी हैं। मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर स्थिति का जायजा लेंगे.
हिमाचल प्रदेश में बादल फटने से तबाही
हिमाचल प्रदेश में भी मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई है। कांगड़ा जिले की बोह घाटी में बादल फटने और अचानक आई बाढ़ के कारण कई मकान, गौशालाएं और खेत मलबे में दब गए। गनीमत यह रही कि समय पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया, जिससे कोई बड़ी जनहानि नहीं हुई, लेकिन कई मवेशियों की जान चली गई। मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है, जिसके बाद कांगड़ा, मंडी और सिरमौर जिलों में सभी स्कूल-कॉलेज बंद कर दिए गए हैं.
जम्मू-कश्मीर में 23 लोगों की मौत
जम्मू-कश्मीर में बारिश और भूस्खलन का कहर जारी है। पुंछ, राजौरी और डोडा जिलों में रविवार से अब तक बारिश और भूस्खलन से 23 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि सात लोग लापता हैं। खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन ने हाई अलर्ट जारी किया है। एहतियात के तौर पर अमरनाथ यात्रा, माता वैष्णो देवी यात्रा, शिव खोरी और मचैल माता यात्रा को निलंबित कर दिया गया है.
पूर्वोत्तर राज्यों में भी बाढ़ का असर
असम के अलावा पूर्वोत्तर के अन्य राज्यों में भी बारिश और भूस्खलन ने भारी नुकसान पहुंचाया है। नगालैंड के मोन जिले में भूस्खलन से मृतकों की संख्या बढ़कर नौ हो गई है और चार लोग लापता हैं। यहां के 10 जिलों के 93 गांव बाढ़ और बारिश की चपेट में आ चुके हैं। अरुणाचल प्रदेश में लगातार बारिश के कारण पांच जिलों में बाढ़ जैसे हालात उत्पन्न हो गए हैं, जिससे इस मानसून सीजन में राज्य के करीब 1.49 लाख लोग प्रभावित हुए हैं.